शत्रु संपत्ति पर पांचवीं बार अध्यादेश लाने के केंद्र सरकार के फैसले की वैधता को चुनौती देने वाली एक जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इनकार कर दिया है। याचिका राज्यसभा सांसद हुसैन दलवई की ओर से दायर की गई थी।
चीफ जस्टिस जेएस खेहर की अध्यक्षता वाली पीठ ने याचिकाकर्ता हुसैन दलवई को इस मसले को संसद में उठाने के लिए कहा है। पीठ ने कहा कि यह मामला देश की सुरक्षा से जुड़ा मसला है। आप सांसद है लिहाजा संसद में इस मसले पर बहस करें।
हालांकि पीठ ने यह जरूर कहा कि शत्रु संपत्ति उसके मालिक या उसके वारिसों को नहीं दी जानी चाहिए। याचिका में कहा गया कि एक ही मसले पर बार-बार अध्यादेश लाना हाल ही में संविधान पीठ द्वारा दिए फैसले का सीधे तौर पर उल्लंघन है।