सुप्रीम कोर्ट के राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस में राज्यों की न्यायपालिका के सामने आने वाले मुद्दों पर चर्चा हुई। इस दौरान मामलों के निपटारे में आने वाली अड़चनों की पहचान करने और विभिन्न स्तरों पर लंबित मामलों की संख्या कम करने की रणनीति पर चर्चा की गई। सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के साथ-साथ जिला अदालतों के न्यायाधीशों ने भी शनिवार को इस कॉन्फ्रेंस में शामिल हुए। सुप्रीम कोर्ट प्रशासन ने बताया कि कॉन्फ्रेंस का उद्देश्य राज्य न्यायपालिका विशेष रूप से जिला अदालतों में विभिन्न हितधारकों और पदाधिकारियों के साथ सार्थक बातचीत करना था, जिससे उनके सामने मौजूद चुनौतियों को समझा जा सके और उनसे निपटने की योजना बनाया जा सके। इस कॉन्फ्रेंस में राज्य न्यायपालिका के प्रदर्शन को प्रभावित करने वाले विविध विषयों पर चर्चा की गई। इन तकनीकी सत्रों की अध्यक्षता मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) संजीव खन्ना समेत सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीशों ने की।