सुप्रीम कोर्ट ने ‘ठग’ सुकेश चंद्रशेखर को तिहाड़ जेल के उन अधिकारियों के नाम बताने को कहा है जिन्हें उसने 12.5 करोड़ रुपये दिए थे। कोर्ट ने यह भी बताने को कहा कि उसने उन लोगों को किनके माध्यम से भुगतान किया। सुकेश ने दावा किया है कि तिहाड़ जेल में कुछ अधिकारियों ने उससे 12.5 करोड़ रुपये ठगे हैं।
जस्टिस यूयू ललित, जस्टिस एस रविंद्र भट और जस्टिस सुधांशु धूलिया की पीठ ने कहा कि हम याचिकाकर्ता को उन लोगों के नाम उपलब्ध कराने का निर्देश देते हैं, जिन्हें भुगतान किया गया। इसके साथ ही, हम अपनी ओर से उन्हें किये गये भुगतान का विस्तृत ब्योरा देने का निर्देश देते हैं। याचिकाकर्ता यह भी बताएं कि किन्हें और किनके माध्यम से भुगतान किये गये। सुनवाई की अगली तारीख तक सभी ब्योरा पेश करें।
चंद्रशेखर के वकील आर. बसंत ने कहा कि याचिकाकर्ता को धमकी दी गई और उससे तिहाड़ जेल में पैसे ऐंठे गए। पीठ ने पूछा कि याचिकाकर्ता से कितने पैसे ऐंठे गए हैं?’’ इस पर उन्होंने कहा कि आरोपों के अनुसार, यह राशि करीब 12.5 करोड़ रुपये है।
पीठ ने मामले की अगली सुनवाई 26 जुलाई तय करते हुए पूछा कि वे कौन लोग हैं, जिन्होंने आपकी ओर से भुगतान किए थे। अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एसवी राजू ने पीठ से कहा कि चंद्रशेखर पर गंभीर आरोप हैं, जिसमें खुद को फर्जी न्यायाधीश के रूप में पेश करना भी शामिल है।
उन्होंने कहा कि उसने जेल से लोगों से ठगी की और 214 करोड़ रुपये ऐंठे। उन्होंने आगे कहा कि चंद्रशेखर तिहाड़ जेल से अन्य जेल में स्थानांतरित होना चाहता है ताकि वह अपना गोरखधंधा चला सके। पीठ ने कहा कि चंद्रशेखर के खिलाफ आरोप है कि वह कुछ अधिकारियों को रिश्वत देकर जेल से अपनी गतिविधियां चला रहा था। पीठ ने कहा कि हम दोनों पहलुओं की पड़ताल करना चाहते हैं।