सीआरपीएफ के ग्रुप सेंटर, पिंजौर में कार्यरत एसआई 'मिनिस्ट्रियल' परविंद्र सिंह ने बल के महानिदेशक को यह सुझाव दिया था। इसके बाद सीआरपीएफ के नॉर्थ वेस्ट सेक्टर 'एनडब्लूएस' के तहत सभी प्रशासनिक व आपरेशनल यूनिटों से इस संबंध में पत्राचार किया गया है। उनके पास एसआई परविंद्र का सुझाव भेजा गया है। वे उस बाबत अपने कमेंट्स दें। परविंद्र ने लिखा है कि सीआरपीएफ में एसओ के कंधे पर सफेद और नीले रंग का रिबन लगा होता है। इस रिबन का रंग बदल दिया जाए।
रिबन के रंग को सिविल पुलिस के कलर के साथ बदला जाए। सामान्य तौर पर पुलिस के रिबन का रंग लाल और नीला होता है। दूसरे कई बलों का रंग भी यही होता है। अगर ऐसा होता है तो सभी सीएपीएफ में एकरूपता आएगी। इससे 'वन नेशन वन सीएपीएफ' की धारणा मजबूत होगी। साथ ही सीआरपीएफ के वे 'एसओ' जो जम्मू कश्मीर में आतंकियों से लड़ रहे हैं या नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में तैनात हैं, वे नीले और सफेद रिबन के चलते आसानी से पहचान में आ जाते हैं। ग्रुप सेंटर पिंजौर के द्वारा अपने नियंत्रण वाली सभी यूनिटों को यह सुझाव भेजा गया है।