कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने फादर स्टेन स्वामी के निधन पर दुख जताते हुए सोमवार को कहा कि वह न्याय और मानवीयता के हकदार थे। एल्गार परिषद-माओवादी संबंध मामले में आरोपी पादरी स्वामी का एक अस्पताल में निधन हो गया। स्वामी का जिस अस्पताल में उपचार चल रहा था, उसके एक अधिकारी ने बंबई उच्च न्यायालय को सोमवार को इस बारे में बताया।
मुंबई के उपनगरीय अलाके बांद्रा स्थित होली फैमिली अस्पताल के निदेशक डॉ. इयान डिसूजा ने उच्च न्यायालय की न्यायमूर्ति एस एस शिंदे और न्यायमूर्ति एनजे जमादार की पीठ को बताया कि 84 वर्षीय स्वामी की सोमवार अपराह्न डेढ़ बजे मृत्यु हो गई। राहुल गांधी ने ट्वीट किया कि फादर स्टेन स्वामी के निधन पर भावभीनी श्रद्धांजलि। वह न्याय और मानवीयता के हकदार थे।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि फादर स्टेन स्वामी को विनम्र श्रद्धांजलि। कितना दुर्भाग्यपूर्ण है कि एक व्यक्ति जिसने जीवन भर गरीबों-आदिवासियों की सेवा की और मानव अधिकारों की आवाज बना, उन्हें मृत्यु की घड़ी में भी न्याय एवं मानव अधिकारों से वंचित रखा गया।
पार्टी के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने ट्वीट के जरिए दावा किया कि इस त्रासदी के लिए भारत सरकार की व्यवस्था में किसे जिम्मेदार ठहराया जाएगा? कोई गलती मत करिए-यह इंडियन स्टेट है, जिसने उन फादर स्टेन स्वामी की हत्या की जो सामाजिक न्याय के प्रखर पैरोकार थे।