फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नाबालिगों के हाथों में गाड़ी सौंपने वाले 26 माता-पिताओं को खानी पड़ी जेल की हवा

Fri, 27 Apr 2018 02:42 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
विज्ञापन
सांकेतिक चित्र
विज्ञापन

हैदराबाद ट्रैफिक पुलिस इन दिनों उन नाबालिग बच्चों के पैरेंट्स के खिलाफ सख्ती कर रही है जिन्होंने उन्हें ड्राइविंग करने के लिए वाहन दिए हुए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार पिछले दो महीनों में ऐसे 26 पैरेंट्स को गिरफ्तार किया जा चुका है जिनके 18 से कम साल के बच्चे सड़क पर गाड़ी चला रहे थे। न्यूज एजेंसी से बातचीत करते हुए हैदराबाद ट्रैफिक पुलिस ने बताया कि वह बच्चों के लिए काउंसिलिंग सेशन आयोजित करवा रही है।

विज्ञापन


ट्रैफिक पुलिस के ज्वाइंट कमिश्नर अनिल कुमार ने कहा कि मार्च महीने में कोर्ट ने 20 पैरेंट्स को जेल भेजा। उन्होंने बताया कि पुलिस आजकल पैरंट्स और उनके बच्चों के लिए काउंसलिंग सेशन आयोजित कराने से लेकर एफआईआर तक दर्ज करवा रही है ताकि ट्रैफिक नियमों को लेकर उनमें जागरुकता बनी रहे। इस सख्त कार्रवाई के पीछे असल वजह नाबालिगों द्वारा होने वाले एक्सीडेंट के बढ़ते मामले हैं। इसके अलावा शराब पीकर गाड़ी चलाने की वजह से भी एक्सीडेंट के मामले बढ़ रहे हैं।  

रिपोर्ट्स के अनुसार- इस हफ्ते की शुरुआत में एक मामला आया था जिसमें पब से लौटने के बाद 4 सेकेंड ईयर इंजिनियरिंग छात्राओं ने गाड़ी चलाई और नियंत्रण खोकर कुशाईगुड़ा फुटपाथ पर चढ़ा दी। इस घटना में 48 साल के मोची अशोक की मौत हो गई थी जो अपने बेटे के साथ सो रहा था। मृतक के बेटे ने पुलिस और मीडिया को बताया था कि वह चारों युवतियां शराब पीकर गाड़ी चला रही थीं जबकि पुलिस पूछताछ में आरोपी युवतियों ने इस बात से साफ इनकार कर दिया है। सभी छात्राओं की उम्र 19-21 साल के बीच बताई जा रही थी।

विज्ञापन
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें