भारतीय युवाओं को अब विदेशों में जाकर नौकरी को लेकर परेशान नहीं होना पड़ेगा। भारत सरकार संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और जापान सरकार के साथ मिलकर युवाओं को तकनीक और रोजगार से जोड़ने पर काम करेगी।
केंद्रीय बजट में भी इसकी घोषणा की गई है। यूएई के साथ स्किल ट्रेनिंग में रोजगार और जापान में टेक्निकल इंटर्नशिप प्रोग्राम से तकनीक में दक्ष किया जाएगा। जापान व यूएई के बाद अन्य देशों के साथ भी ऐसे समझौते होंगे।
केंद्रीय कौशल विकास व उद्यमिता मंत्रालय के सचिव प्रवीण कुमार के मुताबिक, सरकार का पूरा फोकस गुणवत्ता युक्त शिक्षा, शिक्षा में सुधार के साथ-साथ देश और विदेश में युवाओं को रोजगार के बेहतर मौके उपलब्ध करवाने हैं। भारत से सबसे अधिक युवा रोजगार की तलाश में संयुक्त अरब अमीरात की ओर रुख करते हैं।
हालांकि वहां की मांग के आधार पर कौशल विकास में दक्ष होना जरूरी है। अन्यथा एक अन्य परीक्षा देनी पड़ती है। हालांकि अब ऐसा नहीं होगा। संयुक्त अरब अमीरात और भारत सरकार समझौते के तहत वहां के पांच क्षेत्रों में 18 प्रकार की नौकरी में भारतीय कौशल विकास मंत्रालय की ट्रेनिंग को मंजूरी मिली है। मतलब कंस्ट्रक्शन और ऑटोमोटिव सेक्टर में काम के दरवाजे खुल गए हैं।
तकनीक में भारतीय युवा होंगे नंबर वन
दुनियाभर में जापान की टेक्नोलॉजी नंबर वन है। इसी लिए टेक्निकल इंटर्नशिप प्रोग्राम जापान शुरू किया जा रहा है। इसमें भारतीय युवाओं को जापान में जाकर टेक्नोलॉजी सीखने का मौका मिलेगा।