बड़े नोट बंदी से आम लोगों की परेशानियां और कालेधन को लेकर भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के आरोप पर कांग्रेस प्रवक्ता आनंद शर्मा ने मीडिया से कहा कि देश में आर्थिक अव्यवस्था फैली है। सरकार के असंवेदनशील होने से स्थिति आउट ऑफ कंट्रोल है। टैक्स देने वाले अपनी जमा रकम के लिए कतारों में खड़े होकर मामूली रकम पा रहे हैं जो गैरकानूनी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस विपक्ष का दायित्व निभाकर सरकार की जवाबदेही तय कराएगी।
कांग्रेस नेता ने अमित शाह पर कटाक्ष किया कि प्रवचन देने वाले ये भी बता दें कि लोकसभा चुनाव में कौन से पैसे का इस्तेमाल किया था। चेक से किस ट्रस्ट या संस्था ने सौ करोड़ का भुगतान किया वही बता दें। नोट बंद होंगे ये कुछ लोगों को पहले से पता था। कालेधन वाले लाइन में नहीं लगे हैं। अखबारों और सोशल मीडिया में 27 अक्तूबर से दो हजार के नोट बंद होने की जानकारी थी।
लिहाजा सरकार 20 अक्तूबर से 8 नवबंर के बीच उन लोगों की पड़ताल कर सार्वजनिक करे जिन्होंने पांच लाख से अधिक का सोना, विदेशी मुद्रा बदली है। सरकार स्विस बैंक की सूची जारी करे। पांच सौ करोड़ का कर्जा लेने और एमपीए होने वालों की सूची जारी करे। पिछले दो सालों में किन औद्योगिक घरानों के लोन माफ हुए सूची जनता के सामने लाएं।