जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यामानशी स्थित विला में डिनर का न्योता दिया है। यह किसी अतंरराष्ट्रीय नेता को मिला अपने तरह का पहला न्योता है। दरअसल पीएम मोदी भारत-जापान समिट में हिस्सा लेने के लिए दो दिन के दौरे पर जापान जा रहे हैं। वह 28-29 अक्तूबर को जापान जाएंगे। मोदी ने आबे के पिछले साल भारत दौरे के दौरान अहमदाबाद में उनका जोरदार स्वागत किया था और वह उन्हें महात्मा गांधी के साबरमति आश्रम लेकर गए थे।
इसी वजह से आबे एक खास विला में पीएम
नरेंद्र मोदी का स्वागत करने वाले हैं। सूत्रों के अनुसार आबे ने मोदी के स्वागत में जो डिनर आयोजित किया है उसमें जापान के कुछ सांसद और नेता भी मौजूद रहेंगे। यामानशी को माउंट फुजी ज्वालामुखी की वजह से जाना जाता है। यह स्थान जापान की राजधीना टोक्यों से 100 किलोमीटर की दूरी पर है। माउंट फुजी के पास ही एक होटल में पीएम मोदी के लिए लंच रखा गया है। समिट के पहले दिन यानी 28 अक्तूबर को पीएम यामानशी में रहेंगे।
यामानशी में ही
शिंजो आबे और पीएम मोदी बातचीत करेंगे। यहां से मोदी फानुक रोबोटिक्स केंद्र जाएंगे। इसके बाद शाम को यहां एक प्राइवेट विला में उनके लिए डिनर रखा गया है। सूत्रों के अनुसार दोनों नेताओं के बीच द्वीपक्षीय वार्ता के दौरान कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बात हो सकती है। चीन के मद्देनजर दोनों नेता रक्षा समझौते पर बातचीत कर सकते हैं। जापान में भारत के राजदूत केंजी हिरामात्सू ने कहा कि दोनों नेताओं के बीच कई परियोजनाओं पर बातचीत हो सकती है।
13वें भारत-जापान समिट में सैन्य रसद समझौता होने की उम्मीद है। इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में इंफ्रास्ट्रक्चर और सुरक्षा संबंधी परिस्थिति पर भी बातचीत होगी। मोदी के दौरे के बारे में पत्रकारों को संबोधित करते हुए विदेश सचिव विजय गोखले ने कहा, 'एक्वीजिशन एंड क्रॉस सर्विसिंग एग्रीमेंट (एसीएसए) पर समिट के दौरान औपचारिक बातचीत होगी।' हालांकि उन्होंने कहा कि एसीएसए पर हस्ताक्षर को लेकर कोई घोषणा नहीं हुई है। भारत और जापान नियमित तौर पर सैन्य अभ्यास करते रहते हैं।