कर्नाटक के चित्रदुर्गा जिले से प्रेमी जोड़े की रोचक खबर सामने आई है। बीजी केरे गांव की निवासी किसान परिवार से ताल्लुक रखने वाली नेत्रवथी ने अपने प्रेमी गुरुस्वामी से मठ में आयोजित होने वाले सामूहिक विवाह का हिस्सा बनने की योजना बनायी थी पर कुछ ऐसा हुआ कि उन्हें एंबुलेंस में ही शादी करनी पड़ी।
टाइम्स आफ इंडिया की खबर के मुताबिक नेत्रवथी और गुरुस्वामी 23 मार्च को चित्रदुर्गा फोर्ट पर पिकनिक मनाने गए थे, वहीं नेत्रवथी का पैर फिसल गया और उनका स्पाइनल कोर्ड टूट गया। तुरंत उन्हें स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें बैंगलुरु निमहंस ले जाने की सलाह दी। एक हफ्ते के इलाज के बाद चित्रदुर्गा वापस सरकारी अस्पताल आ गईं। लेकिन अब वो उठकर चल नहीं सकती थीं।
प्राचीन परंपराओं व जाति प्रथा के विरुद्ध आवाज उठाने वाले मुरुगाराजेंद्र स्वामी नियमित रूप से अंतर्जातीय जोड़ों के लिए सामूहिक विवाह का आयोजन कराते हैं। नेत्रवथी और गुरुस्वामी ने भी अपना विवाह इसी सामूहिक विवाह कार्यक्रम में कराने का सोचा था। नेत्रवथी और गुरुस्वामी ने अपने इस सपने को साकार करने की ठान रखी थी। जिसके बाद नेत्रवथी और गुरुस्वामी सामूहिक विवाह कार्यक्रम में एंबुलेंस से मंडप पहुंचे। पंडित मुरुगाराजेंद्र स्वामी ने एंबुलेंस पर चढ़कर सारे रातिरिवाजों के साथ मंत्र उच्चारण कर प्रेमी जोड़ों को शादी के बंधन में बांध दिया।
नेत्रवथी और गुरुस्वामी एक ही जाति के थे, लेकिन घायल होने के बाद से लड़के वाले के परिवार की तरफ से आनाकानी की जा रही थी। डॉक्टर का कहना है कि नेत्रवथी जल्द ही ठीक हो जाएगी लेकिन उसे दवाई के साथ-साथ फीजियोथैरेपी भी करनी होगी, अगर वो ऐसा नहीं कर पाई तो उसे बड़ी सर्जरी करवानी पड़ेगी।