भारत-चीन सीमा विवाद को लेकर देश की सियासत में बयानों से वार और पलटवार का दौर जारी है। पिछले दिनों एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने राहुल गांधी के पीएम मोदी से सवाल पूछने वाले बयान पर निशाना साधा था। राहुल के बयानों पर शरद पवार ने कहा था, 'हम नहीं भूल सकते कि 1962 में क्या हुआ था। चीन ने हमारी 45 हजार स्क्वेयर किमी जमीन पर कब्जा कर लिया था।
मंगलवार को पवार के बयान पर पलटवार करते हुए महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और कांग्रेस नेता नितिन राउत ने कहा है कि जब चीन ने 1962 में हमारे क्षेत्र पर कब्जा किया, तो स्थिति अलग थी। शरद पवार को इन गलतियों को सुधारना चाहिए था जब वह कांग्रेस की सरकार में रक्षा मंत्री थे। शरद पवार पूर्व प्रधानमंत्री नरसिम्हा राव की सरकार में 21 जून 1991 से लेकर 6 मार्च 1993 तक देश के रक्षा मंत्री रहे हैं।
पवार ने राहुल पर निशाना साधते हुए कहा था कि चीन ने हमारी 45 हजार स्क्वेयर किमी जमीन पर कब्जा कर लिया था। वर्तमान में मुझे नहीं पता कि चीन ने जमीन ली है या नहीं, मगर इस पर बात करते वक्त हमें इतिहास याद रखना चाहिए। राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर राजनीति नहीं करनी चाहिए।
महाराष्ट्र में शरद पवार की पार्टी एनसीपी, कांग्रेस और शिवसेना के साथ मिलकर सरकार चला रही है। बीच-बीच में इस गठबंधन को लेकर आपसी मनमुटाव की खबरें आती रहती हैं।