सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया ने एस्ट्राजेनेका-ऑक्सफर्ड के टीके कोविशील्ड को बनाया है। सीरम ने ऐलान किया है कि अब वह राज्य सरकारों को टीके की एक डोज 400 रुपये में देगी जबकि प्राइवेट अस्पतालों को 600 रुपये का भुगतान करना होगा।
नई वैक्सीन पॉलिसी में केंद्र ने तय किया है कि वह कंपनियों से 50 फीसदी टीके खुद खरीदेगा और बाकी का हिस्सा राज्य सरकारें और प्राइवेट अस्पताल खरीद सकेंगे। सरकार ने जो नई पॉलिसी बनाई है, उसके मुताबिक पहली मई से केंद्र की ओर से प्राइवेट अस्पतालों को वैक्सीन नहीं मिलेगी। उन्हें सीधे टीका बनाने वाली कंपनियों से खरीदारी करनी होगी।
अब तक केंद्र सरकार भी 150 रुपये प्रति डोज के भाव से प्राइवेट अस्पतालों को टीका सप्लाई कर रही थी। इसमें अस्पताल 100 रुपये का टीका लगाने का चार्ज जोड़कर 250 रुपये में वैक्सीन लगा रहे थे। नई पॉलिसी में इस व्यवस्था को खत्म कर दिया गया।
अब जब प्राइवेट अस्पतालों को सीरम से कोविशील्ड 600 रुपये में मिलेगी तो अब तक के हिसाब के अनुसार आमजन के लिए टीके का दाम कम से कम 700 रुपये प्रति डोज तो हो ही जाएगा। यानी जिन्हें दो डोज लेने हों, उन्हें कम से कम 1400 रुपये चुकाने होंगे, लेकिन जिस तरह टीके को मार्केट के हवाले करने की ओर कदम बढ़ाया गया है, उसे देखते हुए अस्पतालों को और ज्यादा पैसा लेने में शायद ही कोई झिझक हो।
सीरम के सीईओ अदार पूनावाला ने कहा, 'सरकार के निर्देशों के बाद नया दाम तय किया गया। नए दाम के बावजूद पूनावाला ने दुनिया की किसी भी वैक्सीन के मुकाबले कोविशील्ड के किफायती होने का दावा किया। उन्होंने कहा, ‘प्राइवेट मार्केट में अमेरिकी टीकों का एक डोज 1500 रुपये में मिल रहा है, वहीं रूस और चीन के टीके 750 रुपये से ज्यादा के हैं।’
टीकों के नए दाम पर विपक्ष ने तीखा विरोध जताया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने वैक्सीन पॉलिसी को नोटबंदी जैसा बताया। उन्होंने कहा, 'नोटबंदी से कुछ उद्योगपतियों को फायदा हुआ और आम लोगों को परेशानियां उठानी पड़ीं। वैसा ही इस वैक्सीन पॉलिसी से होगा। वैक्सीन डिस्क्रिमिनेशन हैशटैग के साथ राहुल ने ट्वीट किया, 'देश के लिए आपदा, मोदी के मित्रों के लिए अवसर।'
इस मामले में अदार पूनावाला ने साफ किया कि केंद्र को भी 150 रुपये के भाव पर शुरुआती सप्लाई 10 करोड़ टीकों की ही होगी। इसका करार पहले हो चुका है। उन्होंने कहा कि 10 करोड़ के बाद के टीके केंद्र को भी 400 रुपये के भाव पर बेचे जाएंगे।