तीनों पर यूट्यूब और टेलीग्राम पर महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो बेचकर पैसे कमाने का आरोप है। वहीं, चंद्रप्रकाश के यूट्यूब चैनल पर महाकुंभ में महिलाओं के स्नान करने व कपड़े बदलने के कुछ वीडियो व तस्वीरें मिली हैं। छानबीन के दौरान सामने आया कि चंद्रप्रकाश के अपने चैनल पर महाकुंभ के 55 से 60 वीडियो अपलोड किए गए थे।
टेलीग्राम ग्रुप पर दो-दो हजार में बेचते थे फुटेज
अहमदाबाद पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने कबूल किया कि उन्होंने अस्पतालों व अन्य सार्वजनिक स्थानों से अवैध तरीके से सीसीटीवी फुटेज हासिल किए। फिर इन्हें दो-दो हजार रुपये में टेलीग्राम चैनल पर क्यूआर कोड फॉर्मेट में बेचा। वे एक-दूसरे से संपर्क के लिए वर्चुअल नंबरों का इस्तेमाल करते थे। तीनों आरोपियों को एक मार्च तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है
अहमदाबाद साइबर अपराध पुलिस उपायुक्त लवीना सिन्हा ने बताया कि चंद्रप्रकाश ने कुछ महीने पहले यूट्यूब चैनल शुरू किया था और इसी पर महाकुंभ में स्नान करती महिला तीर्थयात्रियों के वीडियो अपलोड किए। चंद्रप्रकाश, तेली और पाटिल टेलीग्राम एप पर सब्सक्राइबर्स से पैसे कमाने के इरादे से महिला मरीजों के आपत्तिजनक वीडियो अपलोड किए थे। पूरा मामला हाल ही में राजकोट स्थित एक अस्पताल के वीडियो यूट्यूब पर जारी किए जाने के बाद सामने आया। पुलिस के मुताबिक जांच में कुछ हैकर्स ने राजकोट के मैटरनिटी हॉस्पिटल के सीसीटीवी सिस्टम में सेंध लगाकर फुटेज हासिल किए थे।
किसी बड़े रैकेट के शामिल होने का अंदेशा
हालांकि, पुलिस को चंद्रप्रकाश का तेली और प्रज के बीच सीधा कोई सीधा कनेक्शन नहीं मिला है। लेकिन इस तरह के वीडियो बेचे जाने के पीछे किसी बड़े रैकेट के शामिल होने की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता।