फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अभिजीत दिपके के घर की सुरक्षा बढ़ी: कांग्रेस बोली- आईबी की चेतावनी के बाद कॉकरोच जनता पार्टी पर की कार्रवाई

Sun, 24 May 2026 03:01 PM IST
Devesh Tripathi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

महाराष्ट्र में कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार पर असहमति दबाने का आरोप लगाया है। नाना पटोले और बालासाहब थोराट ने दावा किया कि व्यंग्यात्मक डिजिटल समूह कॉकरोच जनता पार्टी के सोशल मीडिया अकाउंट्स सरकार के दबाव में ब्लॉक किए गए।
विज्ञापन
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

महाराष्ट्र कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने भाजपा पर जनता के विरोध को दबाने का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि सरकार ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) नामक एक व्यंग्यात्मक डिजिटल समूह के सोशल मीडिया अकाउंट्स को ब्लॉक कर दिया। इसके पीछे खुफिया विभाग की एक रिपोर्ट का हवाला दिया गया है, जिसमें संभावित सार्वजनिक अशांति की चेतावनी दी गई थी।
विज्ञापन


पूर्व राज्य कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले और बालासाहेब थोराट ने आरोप लगाया है कि सरकार युवाओं, गरीबों और बेरोजगारों के मुद्दों को संबोधित करने के बजाय लोगों के गुस्से को दबा रही है। इसी सप्ताह की शुरुआत में सीजेपी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर एक अभियान चलाया था, जो नीट पेपर लीक मामले से जुड़ा था।

ये भी पढ़ें: 'अराजकता की साजिश रच रहे राहुल गांधी': पीयूष गोयल का आरोप, कहा-देश में हिंसा फैलाना चाहते हैं कांग्रेस नेता
विज्ञापन


आईबी की रिपोर्ट के हवाले भाजपा पर निशाना
नाना पटोले ने दावा किया कि खुफिया विभाग ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आगाह किया था कि सीजेपी का बढ़ता सोशल मीडिया अभियान देश में अशांति पैदा कर सकता है, जिसके बाद सामग्री को ब्लॉक कर दिया गया। 

थोराट ने कहा कि भाजपा सोशल मीडिया प्लेटफार्मों या खातों को निशाना बनाकर आलोचना से नहीं बच सकती। उन्होंने कहा, "इस कदम के खिलाफ कई दिनों से गुस्सा बढ़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यह और बढ़ सकता है।" उन्होंने कहा, "अगर ऐसा होता है, तो यह युवाओं, गरीबों और बेरोजगारों को प्रभावित करेगा। यह गुस्सा कभी भी फट सकता है।" उन्होंने भाजपा पर बढ़ते सार्वजनिक असंतोष को दूर करने के बजाय असहमति को दबाने का प्रयास करने का आरोप लगाया।

दिपके के आवास पर पुलिस सुरक्षा बढ़ाई गई
महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर के एमआईडीसी वालुज इलाके में स्थित कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके के आवास पर पुलिस सुरक्षा प्रदान की गई है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी।

उपायुक्त (डीसीपी) पंकज अतुलकर ने बताया, "हमने एमआईडीसी वालुज क्षेत्र में स्थित अभिजीत दिपके के आवास पर 24 घंटे सामान्य पुलिस सुरक्षा दी है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि उनके आवास पर भीड़ न लगे, क्योंकि सीजेपी का मुद्दा इस समय सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा है।" अतुलकर ने इस बात से इनकार किया कि यह सुरक्षा किसी धमकी के कारण दी गई है।

सीजेपी ने लगाए गंभीर आरोप
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने शनिवार को इस डिजिटल आंदोलन पर एक बड़े कार्रवाई का आरोप लगाया था। उन्होंने दावा किया था कि उनके सभी सोशल मीडिया अकाउंट और वेबसाइट को या तो हटा दिया गया है या उनसे छेड़छाड़ की गई है, जिससे समूह अपने किसी भी आधिकारिक प्लेटफॉर्म तक पहुंच नहीं पा रहा है।

सीजेआई सूर्यकांत का टिप्पणी विवाद और कॉकरोच जनता पार्टी
सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका पर सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता वकील द्वारा फेसबुक पर की गई आपत्तिजनक पोस्ट और भाषा को देखकर मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत नाराज हो गए। सीजेआई ने नाराजगी जताते हुए टिप्पणी की कि समाज में पहले से ही कुछ ऐसे परजीवी मौजूद हैं, जो व्यवस्था पर हमला करते हैं। उन्होंने आगे कहा था कि कुछ बेरोजगार युवा, जिन्हें कोई नौकरी या पेशे में जगह नहीं मिलती, वे कॉकरोच की तरह बन जाते हैं। ऐसे लोग मीडिया, सोशल मीडिया या आरटीआई एक्टिविस्ट बनकर पूरी व्यवस्था पर अनर्गल हमले शुरू कर देते हैं। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: India US Relation: वीजा नियमों से भारतीयों पर नस्लभेदी टिप्पणी तक, रूबियो-जयशंकर की प्रेस वार्ता की बड़ी बातें

सीजेआई द्वारा बेरोजगार युवाओं, पत्रकारों, और सामाजिक कार्यकर्ताओं की तुलना कॉकरोच और परजीवी से करने के बाद देश भर में काफी विवाद हुआ। कई विपक्षी नेताओं, वकीलों, और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस बयान को दुर्भाग्यपूर्ण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के खिलाफ बताया। हालांकि, सीजेआई ने बाद में इस बयान पर सफाई भी दी थी। उनके इसी बयान को आधार बनाकर यह कॉकरोच जनता पार्टी बनाई गई थी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें