सोशल और डिजिटल मीडिया का दुरुपयोग कर निवेशकों से झूठे वादे करके उन्हें ऊंची रकम वापसी के जाल में फंसाने वालों के लिए सेबी नए दिशानिर्देश लाने पर काम कर रही है। इसके साथ ही सेबी ऐसे प्रतिबंध लाने पर ‘अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की कटौती’ की आवाज उठाने वाले कार्यकर्ताओं के लिए भी नियम बनाने पर विचार कर रही है।
इससे पहले भोले भाले निवेशकों को सोशल मीडिया के माध्यम से बहकाने वालों पर लगाम लगाने की केंद्रीय बाजार निगरानी संस्था की कोशिशों की कुछ तबकों ने खासी आलोचना की थी। कुछ स्वघोषित विश्लेषक स्टॉक मार्केट पर अपने विचार पेश करने पर पाबंदी लगाने के खिलाफ हैं। सेबी चाहता है कि ऐसे सभी लोग नियामक के दिशानिर्देशानुसार ही किसी प्लेटफॉर्म पर अपने विचार व्यक्त करें।