फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

West Bengal: टीएमसी शासन में अभूतपूर्व स्तर पर पहुंचा भ्रष्टाचार, पूर्व मुख्य सचिव ने लगाया आरोप

Wed, 17 Jan 2024 03:38 AM IST
यशोधन शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

घोष ने आरोप लगाया, 'वह बंगाल लैंप घोटाले को उजागर करने के लिए पीडब्ल्यूडी मंत्री के रूप में जतिन चक्रवर्ती के इस्तीफे के बारे में भूल गए हैं। सीपीआई (एम) शासन के दौरान भ्रष्टाचार की एक के बाद एक लहर देखी गई।'
विज्ञापन
अर्धेन्दु सेन - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्य सचिव अर्धेंदु सेन ने मंगलवार को दावा किया कि वर्तमान टीएमसी शासन के दौरान राज्य में भ्रष्टाचार की सीमा अभूतपूर्व स्तर तक पहुंच गई है। सेन एक समारोह में पहुंचे हुए थे, जिसमें उन्होंने शहर में पूर्व न्यायविदों और नौकरशाहों की मौजूदगी अपना संबोधन दिया। उन्होंने कहा कि बुद्धदेव भट्टाचार्य के नेतृत्व वाली सरकार के कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार के ऐसे उदाहरण नहीं थे। 

विज्ञापन


सेन ने कहा 'भ्रष्टाचार की सीमा कहीं अधिक है। शिक्षक पीड़ित हैं और नौकरी चाहने वाले खुले में बैठे हैं। राशन घोटाले के बारे में भी चर्चा हो रही है। मंत्री भ्रष्टाचार के आरोपों में जेल में हैं। यह निश्चित रूप से अभूतपूर्व स्तर पर पहुंच गया है और वर्तमान सीएम ने कहा है दुर्भाग्य से स्थिति को नियंत्रित करने में सक्षम नहीं हो सका।' बता दें कि सेन 2011 से पहले राज्य में वाम मोर्चा शासन की अवधि के दौरान सेवा में थे और भट्टाचार्जी के भरोसेमंद नौकरशाह माने जाते थे।   

टिप्पणियों पर टीएमसी की प्रतिक्रिया
इधर, इन टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए, तृणमूल कांग्रेस के राज्य प्रवक्ता कुणाल घोष ने पीटीआई से कहा कि सेन भूल गए होंगे कि भट्टाचार्य ने एक बार ज्योति बसु (बंगाल के पूर्व सीएम) मंत्रिमंडल से यह कहते हुए इस्तीफा दे दिया था कि वह चोरों के मंत्रिमंडल का हिस्सा नहीं बनेंगे। 
विज्ञापन


घोष ने आरोप लगाया, 'वह बंगाल लैंप घोटाले को उजागर करने के लिए पीडब्ल्यूडी मंत्री के रूप में जतिन चक्रवर्ती के इस्तीफे के बारे में भूल गए हैं। सीपीआई (एम) शासन के दौरान भ्रष्टाचार की एक के बाद एक लहर देखी गई।'

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें