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पीएम मोदी को एसआईटी क्लीन चिट के खिलाफ जाफरी की याचिका पर सुनवाई

Tue, 04 Feb 2020 12:39 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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सुप्रीम कोर्ट (फाइल फोटो) - फोटो : social media
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उच्चतम न्यायालय ने गुजरात दंगा मामले में राज्य के तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी को विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा क्लीन चिट दिए जाने के खिलाफ दिवंगत सांसद एहसान जाफरी की पत्नी जकिया जाफरी की याचिका पर सुनवाई के लिए मंगलवार को 14 अप्रैल की तारीख निर्धारित की। न्यायालय ने टिप्पणी की कि इस मामले की सुनवाई कई बार टल चुकी है और कभी न कभी तो मामले की सुनवाई होगी।

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न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर और न्यायमूर्ति दिनेश माहेश्वरी की पीठ ने मामले की सुनवाई अप्रैल के लिए टाल दी। इससे पहले जकिया की वकील ने मामले की सुनवाई टालने और होली की छुट्टी के बाद इस पर सुनवाई का अनुरोध किया था।

जकिया जाफरी की वकील अपर्णा भट ने न्यायालय से कहा कि इस मामले में मुद्दा विवादास्पद है। इस पर पीठ ने कहा, ‘इस पर सुनवाई इतने बार टल चुकी है, ये जो भी है हमें इस पर किसी न किसी दिन सुनवाई करनी ही है। एक तारीख लीजिए और यह सुनिश्चित करिए कि सभी मौजूद हों।’
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वकील ने इससे पहले सुप्रीम कोर्ट से कहा था कि याचिका पर एक नोटिस जारी करने की जरूरत है क्योंकि यह 27 फरवरी 2002 से मई 2002 तक कथित बड़े षडयंत्र से संबंधित हैं।

गौरतलब है कि गोधरा में साबरमती एक्सप्रेस के एक कोच में आग लगाए जाने में 59 लोगों के मारे जाने की घटना के ठीक एक दिन बाद 28 फरवरी 2002 को गुलबर्ग सोसाइटी में 68 लोग मारे गए थे। मारे गए लोगों में एहसान जाफरी भी शामिल थे।
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घटना के करीब 10 साल बाद आठ फरवरी 2012 में एसआईटी ने मोदी तथा 63 अन्य को क्लीन चिट देते हुए क्लोजर रिपोर्ट दाखिल की थी।


 
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