सुप्रीम कोर्ट के आदेश का विरोध करने वालों के द्वारा प्रदर्शनों की आशंका के मद्देनजर भारी सुरक्षा बंदोबस्त के बीच भगवान अयप्पा मंदिर के दरवाजेे दो दिवसीय विशेष पूजा के लिए तीन हफ्ते में दूसरी बार सोमवार शाम को खोल दिए गए।
इस दौरान हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान अयप्पा के दर्शन किए। पुलिस ने बताया कि मंदिर में 10 से 50 आयु वर्ग की कोई भी महिला नहीं देखी गई। हालांकि तगड़े सुरक्षा बंदोबस्त को लेकर पुलिस ने कहा कि उसे ऐसी सूचना मिली थी कि एक महिला अपने पति और दो बच्चों के साथ मंदिर में दर्शन के लिए रास्ते में है, लेकिन अभी तक किसी ने हमसे सुरक्षा को लेकर संपर्क नहीं किया है।
मंदिर के दरवाजे शाम को लगभग पांच बजे खोले गए। मंदिर के प्राधिकारियों ने बताया कि सोमवार को कोई विशेष पूजा नहीं हुई और कपाट रात 10 बजे बंद कर दिए गए। इस दौरान रास्ते से लेकर मंदिर परिसर तक बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात थे।
बता दें कि पिछले महीने 17 से 22 अक्तूबर तक मंदिर के कपाट खुले थे। जिसकी वजह से मंदिर और उसके आस-पास काफी विरोध प्रदर्शन देखने को मिला था। अभी तक 3505 प्रदर्शनकारियों की गिरफ्तारी हो चुकी है जिन्होंने राज्य में हिंसा फैलाई थी। वहीं राज्यभर में 529 मामले दर्ज किए गए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार
केरल उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार से हिंसा करने वाले प्रदर्शनकारियों के खिलाफ की गई पुलिस कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी है।