Opposition On SIR: संसद के मानसून सत्र के पहले दिन से विपक्ष की तरफ से बिहार में एसआईआर के मुद्दे को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया जा रहा है। जिससे सदन की कार्रवाई हर दिन प्रभावित हो रही है। इस कड़ी में आज भी विपक्ष ने एसआईआर को लेकर प्रदर्शन किया और केंद्र सरकार के साथ चुनाव आयोग पर कई आरोप लगाए हैं।
संसद में आज बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर विपक्षी दलों ने जोरदार हंगामा किया। विपक्षी दलों ने इसे संविधान और लोकतंत्र की हत्या बताते हुए सदन से वॉकआउट किया। इसके बाद सदन के बाहर संवाददाताओं से बातचीत करते हुए आप सांसद संजय सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार इतनी बड़ी चुनावी धांधली पर चर्चा से भाग रही है। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली में केंद्रीय मंत्रियों के घरों से 35-35 फर्जी वोट बनाए गए। यही काम महाराष्ट्र, हरियाणा और अन्य राज्यों में भी हुआ।
विज्ञापन
'फर्जी बनाए जा रहे, असली मतदाता हटाए जा रहे हैं'
वहीं कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला ने कहा कि फर्जी वोट बनाए जा रहे हैं और असली मतदाताओं के नाम लिस्ट से हटाए जा रहे हैं। बिना बहस के बिल पास करना संसदीय परंपरा के खिलाफ है, इसलिए वे वॉकआउट कर गए।
वोट डिलीट करना देशद्रोह से कम नहीं- सुरजेवाला
इसे लेकर कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा, 'वोट डिलीट करना देशद्रोह से कम नहीं। बिहार में एसआईआर के जरिए 65 लाख वोट डिलीट हुए, आंकड़ा 80-90 लाख तक पहुंच सकता है। यही प्रक्रिया असम में चल रही है और बंगाल समेत पूरे देश में तैयारी है। इससे 'वन मैन, वन वोट' का अधिकार खत्म हो जाएगा।' उन्होंने आरोप लगाया कि गरीब, दलित, आदिवासी, पिछड़े और अल्पसंख्यक समुदायों को निशाना बनाया जा रहा है।
विज्ञापन
चुनाव प्रक्रिया में धोखाधड़ी हो रही है- प्रियंका कक्कड़
विपक्ष चुनाव आयोग पर 'वोट चोरी' के आरोप लगा रहा है। आम आदमी पार्टी ने भी आरोप लगाया है कि चुनावी प्रक्रिया के नाम पर सिर्फ धोखाधड़ी देखने को मिल रही है। इस बीच आम आदमी पार्टी ने कांग्रेस पर भी आरोप लगाए हैं। आप की प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ ने कहा है कि कांग्रेस ने हमेशा सिर्फ खुद के हित में ही चयनात्मक आक्रोश जताया है। उन्होंने कहा आज जिस चुनाव प्रक्रिया में धोखाधड़ी हो रही है। उसमें कांग्रेस का भी बहुत बड़ा हाथ है, हमने उनको बताया कि कैसे अनिल मसीह की तरफ से वोट टेंपरिंग की गई, तब भी कुछ नहीं बोला गया। फिर हमने जब दिल्ली में भाजपा के फर्जी वोटर जोड़ने का खुलासा किया तब भी कांग्रेस चुप रही।