कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की हल्द्वानी रैली के बाद हुए 'शुद्धिकरण' विवाद को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के वरिष्ठ नेता इंद्रेश कुमार ने बुधवार को कांग्रेस पर पलटवार करते हुए कहा कि संघ ने अपनी स्थापना से लेकर आज तक छुआछूत को पाप और धर्म के खिलाफ माना है।
हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद हुए कथित शुद्धिकरण कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस ने तीखी आपत्ति जताई थी। राहुल गांधी ने इस रस्म को 'छुआछूत का दूसरा नाम' बताया था और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग की थी। इसी मामले में राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरएसएस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने मनुस्मृति भी जलाई।
मनुस्मृति जलाने के सवाल पर इंद्रेश कुमार ने कहा 'कांग्रेस के ये सारे आरोप और विरोध इसलिए हैं क्योंकि यह एक ऐसी पार्टी है जिसमें छुआछूत है और यह संविधान के खिलाफ है, कांग्रेस खुद इन सारे आरोपों का सामना कर रही है। इसलिए, खुद को साफ दिखाने के लिए दूसरों पर कीचड़ उछालने से दूसरा इंसान गंदा नहीं हो जाता। कहा जाता है कि अगर आप चांद या सूरज पर थूकते हैं, तो वह आपके ही चेहरे पर गिरता है। इसलिए, ये सारे आरोप और उनका चीजों को जलाना सिर्फ यही साबित करता है कि वे दिन-ब-दिन अपनी नैतिकता खो रहे हैं।' इंद्रेश कुमार ने कांग्रेस पर लगातार झूठ बोलने का आरोप लगाते हुए कहा कि आरएसएस अपने अनुशासन और राष्ट्रवाद की प्रकृति के कारण संविधान के प्रति प्रतिबद्ध है। उन्होंने दावा किया कि संघ हमेशा संविधान का पालन करता आया है।
आरएसएस नेता ने कांग्रेस पर संविधान को कमजोर करने का आरोप लगाते हुए जम्मू-कश्मीर में लागू किए गए अनुच्छेद 370 का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 के कारण जम्मू-कश्मीर में अलग व्यवस्था, अलग झंडे और अलग नेतृत्व की स्थिति बनी। इंद्रेश कुमार ने आरोप लगाया कि आजादी और विभाजन के बाद अगर किसी ने संविधान की भावना को नुकसान पहुंचाया, तो वह कांग्रेस थी।
इंद्रेश कुमार ने हाल के छात्र और युवा आंदोलनों को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह मूल रूप से छात्रों का आंदोलन था, लेकिन राजनीतिक दलों के हस्तक्षेप से आंदोलन कमजोर और बंट गया। उन्होंने दावा किया कि आंदोलन का राजनीतिकरण करने की कोशिश की गई, जिसके कारण युवाओं का कांग्रेस से मोहभंग हो रहा है। इंद्रेश कुमार ने कहा कि देश के युवा राष्ट्रवादी सोच के साथ आगे बढ़ रहे हैं और कांग्रेस के छोटे-बड़े प्रदर्शनों से इसकी तस्वीर नहीं बदलती।