प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए गुजरात के सूरत के हजीरा और भावनगर के घोघा के बीच रो-पैक्स फेरी सेवा का उद्घाटन किया। उन्होंने इस दौरान ट्रांसपोर्टरों को संबोधित किया। उन्होंने अपने संबोधन के दौरान छह ट्रकों के लिए 12 की जगह मात्र आठ चालक नियुक्त करने पर गुजरात में भावनगर के एक ट्रांसपोर्टर को फटकार भी लगाई।
पीएम मोदी ने कहा कि अत्यधिक समय तक वाहन चलाने के कारण चालक दुर्घटना कर सकते हैं। भावनगर के परिवहन कारोबारी आसिफ सोलंकी ने संवाद के दौरान मोदी से कहा कि उन्हें नई फेरी सेवा से बहुत लाभ होगा क्योंकि इससे यात्रा के समय में कमी आएगी और जब फेरी से समुद्री मार्ग से ट्रक ले जाए जाएंगे, तब उनके चालक आराम कर सकेंगे।
मोदी ने सोलंकी से पूछा कि उन्होंने कितने चालक नियुक्त किए हैं, इसके जवाब में उन्होंने कहा कि उनके पास आठ चालक हैं। इसके बाद मोदी ने पूछा कि उनके पास कितने ट्रक हैं। सोलंकी ने जवाब दिया कि उनके पास छह ट्रक हैं।
मोदी ने कहा कि यह उचित नहीं है। आपको छह ट्रकों के लिए 12 चालक रखने चाहिए। आप चालकों से बहुत अधिक काम ले रहे हैं। ऐसा नहीं होना चाहिए। सोलंकी ने कहा कि फेरी सेवा के बाद उन्हें अधिक चालकों की आवश्यकता नहीं होगी। इसके बाद मोदी ने जवाब दिया कि यह सेवा आज से शुरू हुई है।
प्रधानमंत्री ने सोलंकी से और चालक नियुक्त करने का वादा लिया। मोदी ने मजाकिया लहजे में कहा कि यदि सोलंकी और ट्रक खरीदने की अपनी योजना के बारे में बताते हैं, तो आयकर विभाग उनके यहां छापा नहीं मारेगा।
दरअसल, मोदी ने ट्रांसपोर्टर से सवाल किया था कि क्या उनकी और ट्रक खरीदने की योजना है, जिसे सुनकर सोलंकी मुस्कुरा दिए। सोलंकी को मुस्कुराता देखकर मोदी ने यह बात की। प्रधानमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के दौरान सूरत और भावनगर के लोगों से रो-पैक्स फेरी सेवा से उनके जीवन पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर बातचीत की।
इससे पूर्व, प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया कि भावनगर और सूरत के बीच सड़क मार्ग से 375 किलोमीटर लंबा रास्ता तय करना पड़ता था लेकिन इस सेवा के शुरू होने से समुद्री मार्ग से अब यह दूरी घटकर 90 किलोमीटर रह जाएगी तथा यात्रा में लगने वाला समय 10-12 घंटे से घटकर लगभग चार घंटे रह जाएगा।