सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक पहले की तुलना में अब सड़क दुर्घटनाएं ज्यादा जानलेवा साबित हो रही है। ट्रैफिक इतना अधिक बढ़ गया है कि इसकी वजह से रोजाना लगभग 400 लोग सड़क दुर्घटनाओं में अपनी जान गंवाते हैं। यह आंकड़ा सड़क परिवहन मंत्रालय की रिपोर्ट की ओर से जारी किया गया है। सरकार के लिए चिंता की बात है कि साल 2015 के मुकाबले 2016 में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या तो घटी है लेकिन इन हादसों में मरने वालों की संख्या में भारी इजाफा हुआ है।
बता दें कि मंत्रालय रिपोर्ट के मुताबिक साल 2015 में 5 लाख एक हजार 423 सड़क दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें एक लाख 46 हजार 133 लोगों की जान गई। वहीं 2016 में चार लाख 80 हजार 652 सड़क दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें एक लाख 50 हजार 785 लोगों की जान गई। यानी की 2015 की तुलना में 2016 में सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में चार फीसदी की कमी तो आई लेकिन मरने वालों के आंकड़े में तीन फीसदी बढ़ोतरी दर्ज की गई।
पिछले 6 सालों (2011 से 2016) के बीच हुई सड़क दुर्घटनाओं का विवरण- (लाख में)
वर्ष सड़क दुर्घटनाएं हादसों में हुई मौतें
2011 497686 142485
2012 490383 138285
2013 486476 137572
2014 489400 139671
2015 501423 146133
2016 480652 150785