मुंबई में उपभोक्ता आयोग ने एक रेस्टोरेंट के खिलाफ अहम फैसला सुनाते हुए उसे ग्राहक को मुआवजा देने का आदेश दिया है। मामला बैंक्वेट हॉल में आयोजित जन्मदिन पार्टी के दौरान एयर कंडीशनर (AC) खराब होने से मेहमानों को हुई परेशानी से जुड़ा है। आयोग ने स्पष्ट कहा कि जब कोई ग्राहक बैंक्वेट हॉल बुक करता है, तो एयर कंडीशनिंग उस सेवा पैकेज का एक आवश्यक हिस्सा माना जाएगा।
आयोग ने दिया मुआवजे देने का निर्देश
यह आदेश अतिरिक्त जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग (उपनगरीय) ने इस महीने पारित किया। आयोग ने रेस्टोरेंट को सेवा में कमी का दोषी ठहराते हुए शिकायतकर्ता को 22,557 रुपये मुआवजा देने का निर्देश दिया है। साथ ही इस राशि पर अगस्त 2024 से सालाना 6 प्रतिशत ब्याज भी देना होगा। इसके अलावा आयोग ने शिकायतकर्ता को मानसिक कष्ट पहुंचाने के लिए 10,000 रुपये और कानूनी खर्च के लिए 5,000 रुपये देने का भी आदेश दिया है।
क्या है पूरा मामला?
शिकायतकर्ता मुंबई के घाटकोपर इलाके की रहने वाली महिला हैं। उन्होंने जुलाई 2024 में अपने रिश्तेदार के जन्मदिन समारोह के लिए लोअर परेल स्थित एक रेस्टोरेंट का बैंक्वेट हॉल बुक किया था। इस कार्यक्रम के लिए उन्होंने भोजन, हॉल और अन्य सेवाओं सहित कुल 3.63 लाख रुपये का भुगतान किया था।
मेहमानों को असुविधा का सामना करना पड़ा
महिला ने आयोग में दायर शिकायत में कहा कि समारोह के दौरान बैंक्वेट हॉल का एसी अचानक बंद हो गया, जिससे अंदर मौजूद मेहमानों को घुटन और काफी असुविधा का सामना करना पड़ा। गर्मी और खराब माहौल के कारण कई मेहमान कार्यक्रम बीच में छोड़कर चले गए। कुछ लोग बिना खाना खाए ही लौट गए, जिससे परिवार को शर्मिंदगी उठानी पड़ी।
शिकायतकर्ता के अनुसार, रेस्टोरेंट प्रबंधन ने बाद में कुछ पंखों का इंतजाम किया, लेकिन उससे हालात में ज्यादा सुधार नहीं हुआ। उन्होंने यह भी दावा किया कि रेस्टोरेंट कर्मचारियों ने बताया था कि एसी कई दिनों से खराब था और उसे सही तरीके से ठीक नहीं कराया गया था।
नोटिस के बावजूद रेस्तरां का कोई प्रतिनिध पेश नहीं हुआ
मामले की सुनवाई के दौरान रेस्टोरेंट प्रबंधन को नोटिस भेजा गया, लेकिन इसके बावजूद कोई प्रतिनिधि आयोग के सामने पेश नहीं हुआ। इसके चलते आयोग ने मामले की सुनवाई एकतरफा (एक्स-पार्टी) आधार पर की।
आयोग ने फैसला सुनाने के दौरान क्या कहा?
आयोग के अध्यक्ष प्रदीप कडू और सदस्य गौर कपसे की पीठ ने अपने फैसले में कहा कि भोजन और अन्य सहायक सेवाओं में किसी कमी का प्रमाण नहीं मिला, लेकिन एयर कंडीशनिंग जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध न कराना स्पष्ट रूप से सेवा में कमी है।
आयोग ने कहा कि भले ही एसी के लिए अलग से शुल्क नहीं लिया गया हो, लेकिन ग्राहक द्वारा दी गई कुल राशि एक समग्र सेवा पैकेज का हिस्सा थी, जिसमें हॉल, भोजन और एयर कंडीशनिंग जैसी सुविधाएं शामिल थीं।
45 दिनों के भीरत पूरी राशि के भुगतान का आदेश
आयोग ने रेस्टोरेंट को आदेश की प्रति मिलने के 45 दिनों के भीतर पूरी राशि का भुगतान करने और आदेश का पालन करने का निर्देश दिया है। यह फैसला उन ग्राहकों के लिए अहम माना जा रहा है, जो समारोहों और आयोजनों के लिए बैंक्वेट हॉल बुक करते हैं।