केन्द्रीय मंत्री राम विलास पासवान आर्थिक आधार पर आरक्षण के बिल पर चर्चा में हिस्सा ले रहे थे। इस दौरान पासवान ने बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती का नाम लिया। पासवान के नाम लेने की शैली पर बसपा के नेता नंबर दो और राज्यसभा सांसद सतीश चंद्र मिश्रा ने सवाल उठाया। सतीश चंद्र मिश्रा ने राम विलास पासवान को टोकते कहा कि जो सदन में नहीं है, उसका आप नाम ले रहे हैं तो जरा अदब से लीजिए।
सतीश चंद्र मिश्रा की प्रतिक्रिया काफी कड़ी थी। उनकी प्रतिक्रिया की तासीर पहचान कर राम विलास पासवान ने तुरंत सुधार किया। सतीश चंद्र मिश्रा ने उन्हें बहन मायावती कहने की सलाह दी और राम विलास पासवान ने इसे दुरुस्त करते हुए मायावती को मेरी प्यारी बहन मायावती कहकर संबोधित किया।