अरुणाचल प्रदेश के राज्यपाल और राजीव गांधी विश्वविद्यालय के मुख्य रेक्टर लेफ्टिनेंट जनरल केटी परनाइक (सेवानिवृत्त) से विश्वविद्यालय के नवनियुक्त कुलपति डॉ. शिवराज ने लोक भवन में शिष्टाचार मुलाकात की। कुलपति का पदभार संभालने के बाद यह उनकी पहली औपचारिक भेंट थी।
राज्यपाल ने नए कुलपति को दी शुभकामनाएं
राज्यपाल ने डॉ. शिवराज का स्वागत करते हुए उनके सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में राजीव गांधी विश्वविद्यालय उच्च शिक्षा, शोध, नवाचार और ज्ञान सृजन के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगा।
बैठक के दौरान राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालय की पहचान पेशेवर कार्य संस्कृति, अनुशासन, समयबद्धता और अकादमिक उत्कृष्टता से होनी चाहिए। उन्होंने शिक्षकों, प्रशासनिक अधिकारियों और शोधार्थियों की सक्रिय भागीदारी से बेहतर शैक्षणिक माहौल तैयार करने पर जोर दिया।
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राज्यपाल ने क्या सलाह दी?
राज्यपाल ने कुलपति को अरुणाचल प्रदेश की जैव विविधता, जनजातीय संस्कृति, प्राकृतिक संसाधनों, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक-आर्थिक विकास से जुड़े शोध कार्यों को बढ़ावा देने की सलाह दी। उन्होंने खेल, स्वास्थ्य, सामुदायिक सहभागिता और विस्तार गतिविधियों को भी विश्वविद्यालय की प्राथमिकताओं में शामिल करने की बात कही, ताकि छात्र जिम्मेदार नागरिक के रूप में समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान दे सकें।
डॉ. शिवराज ने राज्यपाल को भरोसा दिलाया कि वह विश्वविद्यालय में शैक्षणिक उत्कृष्टता, गुणवत्तापूर्ण शोध, बेहतर प्रशासन और जीवंत परिसर संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेंगे। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी विश्वविद्यालय को क्षेत्र के अग्रणी उच्च शिक्षण और शोध संस्थानों में शामिल करने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे। बैठक में पूर्व कार्यवाहक कुलपति प्रो. एस.के. नायक और कुलसचिव डॉ. एन.टी. रिकाम भी मौजूद रहे।