फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राजस्थान आयकर आयुक्त और उनके अधिकारी पति के ठिकानों पर सीबीआई ने मारे छापे

Sat, 10 Apr 2021 04:51 AM IST
Kuldeep Singh एजेंसी, नई दिल्ली

सार

  • छापे के दौरान करोड़ों रुपये की नकदी, जेवरात और दस्तावेज बरामद किए गए हैं
  • 5.5 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज, 1989 बैच के हैं अधिकारी, पति आरवीएनएल में जीएम
विज्ञापन
सीबीआई - फोटो : फाइल फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सीबीआई ने उदयपुर की आयकर आयुक्त (अपील) और उनके नौकरशाह पति के खिलाफ 5.5 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया है। जांच एजेंसी ने शुक्रवार को तीन शहरों में अधिकारी दंपती के ठिकानों पर छापे भी मारे। छापे के दौरान करोड़ों रुपये की नकदी, जेवरात और दस्तावेज बरामद किए गए हैं।

विज्ञापन


5.5 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज, 1989 बैच के हैं अधिकारी, पति आरवीएनएल में जीएम
सीबीआई अधिकारियों के मुताबिक, अलका जैन 1989 बैच की भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) की अधिकारी हैं, वहीं उनके पति अमित जैन इसी बैच के भारतीय रेलवे इंजीनियरिंग सेवा (आईआरईएस) के अधिकारी हैं और फिलहाल रेल विकास निगम लिमिटेड में ग्रुप जनरल मैनेजर के पद पर तैनात हैं। इन दोनों के अलावा सीबीआई ने एफआईआर में चार्टर्ड अकाउंटेंट विकास राजवंशी को भी गैरकानूनी संपत्ति बनाने में मददगार के तौर पर आरोपी बनाया है।

अधिकारियों ने बताया कि जांच एजेंसी ने शुक्रवार को आरोपियों के जयपुर, जोधपुर और उदयपुर स्थित आवासीय ठिकानों और कार्यालयों पर छापे मारे। छापों में करीब 7.96 करोड़ रुपये की अचल संपत्तियों के दस्तावेज, करीब 70.4 लाख रुपये के बैंक बैलेंस व एफडी, 13.20 लाख रुपये की नगदी, जेवरात और तीनों शहरों में विभिन्न बैंकों में मौजूद लॉकरों का ब्योरा हाथ लगा है। इन सभी की जांच की जा रही है।
विज्ञापन


8 साल में 35 लाख से 8.8 करोड़ की संपत्ति
अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई को एक पुष्ट सूत्र से आरोपी दंपती के खिलाफ इनपुट मिला था। सूत्र ने दंपती पर अप्रैल, 2010 से जून 2018 के बीच अपने नाम से बड़े पैमाने पर चल-अचल संपत्ति जमा की है, जो उनकी कानूनी आय से करीब 5,53,763 रुपये ज्यादा है।

उन्होंने कहा कि दंपती के नाम पर 2010 में महज 35.14 लाख रुपये की संपत्ति थी, जो जून, 2018 में बढ़कर 8.80 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। इस दौरान जैन दंपती ने जहां अपने वेतन, कर्ज, जीपीएफ निकासी आदि के जरिये 3.72 करोड़ रुपये जुटाए, वहीं विभिन्न कर्जों के भुगतान में 80.06 लाख रुपये खर्च किए।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें