पहाड़ी क्षेत्रों समेत उत्तर पश्चिम के राज्य अभी एक पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से उबरे भी नहीं थे कि दूसरे ने दस्तक दे दी। इस पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से रविवार और सोमवार को इन पहाड़ी राज्यों में जमकर बर्फबारी की संभावना जताई गई है। वहीं, पंजाब, हरियाणा जैसे मैदानी राज्यों में कहीं मूसलाधार तो कहीं हल्की बारिश होगी और कुछ जगहों पर सुबह के समय घना कोहरा छाया रह सकता है। मौसम के मिजाज में यह बदलाव कम से कम चार से पांच दिन महसूस किया जाएगा और इसके चलते ठंड बढ़ेगी और पारा भी लुढ़केगा। शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली समेत ज्यादातर इलाकों में सुबह के समय धूप खिली, लेकिन दोपहर बाद बदली छा गई और पारा भी लुढ़का।
भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के मुताबिक, शनिवार को हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब और पश्चिम बंगाल में अलग-अलग स्थानों पर बारिश हुई। इसके अलावा ओडिशा, तमिलनाडु और केरल के साथ ही पूर्वोत्तर के राज्य में भी कहीं हल्की तो कहीं मूसलाधार बारिश दर्ज की गई। उत्तराखंड के मैदानी इलाकों, पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल के गंगा किनारे वाले क्षेत्रों और ओडिशा में सुबह साढ़े पांच से साढ़े आठ बजे के बीच कोहरा छाया रहा। इसके प्रभाव से इन इलाकों में पारा लुढ़का और न्यूनतम तापमान 6-10 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया। इस दौरान हरियाणा के करनाल में न्यूनतम तापमान सबसे कम 5.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
बढ़ेगा तापमान...सुबह रहेगा घना कोहरा
जम्मू-कश्मीर और हिमाचल में बर्फबारी
आईएमडी के वैज्ञानिक नरेश ने बताया कि एक और पश्चिमी विक्षोभ बन रहा है, जिसका प्रभाव उत्तर भारत और हिमालयी राज्यों में रविवार से देखने को मिलेगा। इसके चलते जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में भारी हिमपात का एक और दौर शुरू होगा। गत हफ्ते बने पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से इन दोनों राज्यों में भारी बर्फबारी हुई है, जिसके चलते हिमाचल प्रदेश में चार राजमार्गों समेत 500 से ज्यादा सड़कों पर यातायात ठप है। इन्हें अभी साफ करने का काम चल ही रहा है।
जम्मू-कश्मीर में दो दिन के बाद जम्मू-श्रीनगर हाईवे पर शनिवार को ही यातायात चालू हुआ है। ताजा हिमपात से स्थिति फिर बिगड़ने लगी है। कश्मीर के गुलमर्ग में माइनस 10.6 डिग्री तापमान दर्ज किया गया है।