Namma Metro Fare: कर्नाटक की राजधानी बंगलूरू में मेट्रो रेल के किराए में बढ़ोत्तरी को लेकर मचे बवाल के बीच रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसके लिए राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने कहा कि, 'राज्य सरकार को हर मेट्रो परियोजना के लिए अहम फैसले लेने की प्रक्रिया में होना चाहिए। इसलिए कृपया यह सवाल राज्य के मुख्यमंत्री से पूछें।'
बंगलूरू में मेट्रो रेल के किराए में भारी बढ़ोत्तरी को लेकर जनता के आक्रोश के बीच, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को राज्य सरकार पर दोष मढ़ते हुए कहा कि मेट्रो रेल के लिए किराया निर्धारण समिति दिल्ली में नहीं है। इस मामले में उन्होंने कहा कि मेट्रो रेल के किराए में बढ़ोतरी के बारे में मुख्यमंत्री से पूछा जाना चाहिए, न कि केंद्र सरकार से सवाल किया जाए।
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कृपया राज्य के मुख्यमंत्री से पूछें सवाल- वैष्णव
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि, 'राज्य सरकार शहर की जमीनी हकीकत जानती है और उन्हें हर मेट्रो परियोजना के लिए अहम फैसले लेने की प्रक्रिया में होना चाहिए। इसलिए कृपया यह सवाल राज्य के मुख्यमंत्री से पूछें।' मूल्य निर्धारण प्रस्ताव राज्य सरकार की तरफ से तैयार किया जाना चाहिए।
'पीक ऑवर' के दौरान किराए में पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी
रेल मंत्री के अनुसार, मेट्रो रेल से जुड़ी हर चीज के लिए राज्य सरकार जिम्मेदार है और किराया बढ़ाए जाने के बारे में उनसे ही पूछा जाना चाहिए। एक हफ्ते पहले, बंगलूरू मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीएमआरसीएल) ने परिचालन लागत में बढ़ोतरी और ऋण चुकाने की आवश्यकता का हवाला देते हुए शहर में मेट्रो की कीमतों को दोगुना करते हुए किराया बढ़ाने की घोषणा की थी। बीएमआरसीएल ने सवारी टैक्सी सेवाओं से सीख लेते हुए 'पीक ऑवर' के दौरान किराए में पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी की।
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मोदी सरकार ने बढ़ोतरी को रोकने का निर्देश दिया था- मोहन
आम जनता की तरफ से अपना गुस्सा जाहिर करने और राज्य सरकार को ज्ञापन देने के बाद, मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने बीएमआरसीएल के प्रबंध निदेशक एम महेश्वर राव को उन विसंगतियों को दूर करने का निर्देश दिया, जहां कुछ खंडों में कीमतें दोगुनी हो गई हैं। यह बढ़ोतरी लागू नहीं की गई थी और बंगलूरू सेंट्रल के सांसद पीसी मोहन के अनुसार, केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने पिछले महीने बीएमआरसीएल को प्रस्तावित बढ़ोतरी को रोकने का निर्देश दिया था। 29 जनवरी को 'एक्स' पर एक पोस्ट में, पीसी मोहन ने कहा, 'बीएमआरसीएल की तरफ से 1 फरवरी के लिए प्रस्तावित 45% मेट्रो किराया बढ़ोतरी को रोक दिया गया है। मोदी सरकार ने बीएमआरसीएल को कोई भी निर्णय लेने से पहले एक व्यापक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।