कोविड 19 के चलते यात्री नहीं मिलने से बंद हुई तेजस एक्सप्रेस की नैया अब 'प्रभु राम' पार लगाएंगे। नई दिल्ली से लखनऊ तक चलने वाली इस पहली कॉरपोरेट ट्रेन को अयोध्या तक जोड़ने की तैयारी हो रही है। इसे लेकर रेलवे बोर्ड के अधिकारियों और उत्तर रेलवे के मुख्यालय के बीच मंथन का दौर भी शुरू हो गया है।
जानकारी के अनुसार, रेलवे इस ट्रेन को दोबारा शुरू करने पर विचार-विमर्श कर रहा है। इस दौरान इस ट्रेन को चारबाग होकर बाराबंकी के रास्ते अयोध्या तक ले जाने की भी चर्चा हो रही है। इसे लेकर अधिकारियों द्वारा ट्रेन के समय में बदलाव, ठहराव, और रखरखाव जैसे बिंदुओं पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। जल्द ही ट्रेन के विस्तार को मंजूरी मिल सकती है।
नाम न छापने के अनुरोध पर आईआरसीटीसी के एक अधिकारी ने अमर उजाला से कहा, इस ट्रेन के विस्तार को लेकर चर्चा कई दिनों से चल रही है। अयोध्या तक जाने का निर्णय रेलवे बोर्ड करेगा।
जनवरी में हो सकती है शुरु
ट्रेन को दोबारा चलाने की संभावनाओं को तलाशने के लिए आईआरसीटीसी ने समीक्षा का दौर शुरू कर दिया है। इसे लेकर हर सप्ताह समीक्षा हो रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि ये ट्रेन जनवरी के मध्य में फिर से शुरू हो सकती है।
त्योहारों के मद्देनजर भीड़ को देखते हुए लखनऊ-दिल्ली और अहमदाबाद-मुंबई के बीच दोनों तेजस एक्सप्रेस को 17 अक्तूबर से शुरू किया गया था। इस बार डायनेमिक किराये की अधिकतम सीमा भी तय कर दी गई थी। ट्रेन का एडवांस रिजर्वेशन पीरियड पहले 10 दिन और बाद में एक माह रखा गया था।
लेकिन बाद में यात्रियों की कम संख्या को देखते हुए आईआरसीटीसी ने ट्रेन को निरस्त करने के लिए एक पत्र लिखा था। इसके बाद रेलवे बोर्ड ने 23 नवंबर से अगले आदेश तक तेजस ट्रेन की सभी सेवाओं को रद्द करने का फैसला किया।
रेल मंत्रालय के सार्वजनिक उपक्रम इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कारपोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) द्वारा तेजस एक्सप्रेस को चलाया जाता है। नई दिल्ली से लखनऊ के बीच चलने वाली तेजस एक्सप्रेस 4 अक्तूबर 2019 में शुरू हुई थी। वहीं अहमदाबाद से मुंबई के बीच चलने वाली तेजस एक्सप्रेस का संचालन 19 जनवरी 2020 में शुरू हुआ था।