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कांग्रेस की कमान संभालने के बाद राहुल गांधी पार्टी में करेंगे ये परिवर्तन

Thu, 18 Jan 2018 09:52 AM IST
शशिधर पाठक
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रायबरेली में राहुल गांधी - फोटो : amar ujala
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कांग्रेस अध्यक्ष बड़े चतुर सुजान हो गए हैं। लंबे समय से राजनीति का ककहरा सीखकर प्रयोग करने वाले कांग्रेस अध्यक्ष पर पार्टी के जम्मू-कश्मीर से लेकर कन्या कुमारी तक के नेताओं की निगाह हैं। सबकी के पास एक ही सवाल है कि कांग्रेस का आगे संगठनात्मक स्वरुप कैसा होगा? क्या पार्टी में उपाध्यक्ष का पद रहेगा। कितने महासचिव होंगे और कितने सचिव। विभाग की क्या स्थिति रहेगी। इसमें नए और पुराने चेहरे के साथ क्या ताल-मेल होगा? सबसे अहम सवाल यह भी कि पार्टी के केन्द्रीय मीडिया विभाग के प्रमुख का पद किसके पास रहने वाला है।

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कांग्रेस पार्टी का मुख्यालय 24, अकबर रोड इस चर्चा से अछूता नहीं है। यहां तक कि कई बड़े नेता भी संगठनात्मक बदलाव से जुड़ी हर खबर को ध्यान देकर सुन रहे हैं। सभी को जल्द की बड़े फेर-बदल की संभावना दिखाई दे रही है, लेकिन किसी के पास स्पष्ट भनक नहीं है। पार्टी के एक महासचिव का कहना है कि सबकुछ कांग्रेस अध्यक्ष को तय करना है। यह समझने वाली बात है कि वह संगठनात्मक स्वरुप पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की सलाह को अहमियत देकर करेंगे, लेकिन वह दावे के साथ कह सकते हैं कि किसी के पास भी इसको लेकर सटीक जानकारी नहीं है।

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नहीं दे रहे हैं संकेत

राहुल गांधी - फोटो : amar ujala
कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि कांग्रेस अध्यक्ष किसी को भी भावी बदलाव का कोई संकेत तक नहीं दे रहे हैं। बताते हैं पहले भेंट मुलाकात के दौरान उनके रुख का पता चल जाता था। लेकिन पिछले काफी लंबे समय से राहुल गांधी बहुत सतर्क होकर चल रहे हैं। सूत्र का कहना है कि राहुल गांधी हमेशा से होमवर्क पर खासा जोर देते रहे हैं, लेकिन पार्टी के अध्यक्ष का पद संभालने के बाद से वह इसे शीर्ष वरीयता में लेकर चल रहे हैं। कांग्रेस अध्यक्ष राजनीतिक गतिविधियों पर बारीकी से निगाह रख रहे हैं और हर मुद्दे पर पार्टी को दिशा देने के लिए काफी होमवर्क कर रहे हैं। 

जल्द होगा बदलाव

पार्टी के शीर्ष नेताओं को जल्द संगठनात्मक फेरबदल होने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि यह बदलाव संसद में बजट सत्र के आरंभ होने से पहले कभी भी हो सकता है। इसकी एक बड़ी वजह राज्यों के विधानसभा चुनाव तथा अगले साल प्रस्तावित लोकसभा चुनाव की तैयारियां बताई जा रही हैं। इसलिए जल्द ही कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक बुलाकर इसके बाबत पहल की जा सकती है। पार्टी कई राज्यों में संगठनात्मक ढांचे को मजबूत बनाने के लिए अहम निर्णय ले सकती है।
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