उत्तरी गोवा के कुनकोलिम में लोगों ने राष्ट्रीय राजमार्ग जाम कर महिला सामाजिक कार्यकर्ता श्रेया धार्गलकर की गिरफ्तारी की मांग की। श्रेया पर धार्मिक भावनाओं को आहत करने का मामला दर्ज किया गया है। श्रेया को इसी तरह के अपराध में दक्षिण गोवा में कुनकोलिम पुलिस ने हिरासत में लिया था, लेकिन न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, क्यूपेम ने बुधवार को सामाजिक कार्यकर्ता को जमानत दे दी थी।
उत्तरी गोवा के पुलिस अधीक्षक अक्षत कौशल ने कहा, बुधवार देर शाम बिचोलिम में एक मजिस्ट्रेट ने सामाजिक कार्यकर्ता को चार जून तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। हालांकि, उनकी न्यायिक रिमांड से पहले काफी ड्रामा हुआ। बिचोलिम पुलिस स्टेशन के बाहर लगभग 400 लोग एकत्र हुए। प्रदर्शनकारियों ने सामाजिक कार्यकर्ता धार्गलकर को गिरफ्तार करने की मांग करते हुए कहा कि उसे उनके सामने लाया जाए।
बिचोलिम पुलिस ने धार्गलकर पर दर्ज की एफआईआर
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि श्री शांतादुर्गा कुनकोलिएनकारिन मंदिर और उसके समिति सदस्यों के खिलाफ अपमानजनक शब्द कहते हुए सामाजिक कार्यकर्ता धार्गलकर ने एक वीडियो पोस्ट किया। वीडियो पोस्ट के बाद बिचोलिम पुलिस ने धार्गलकर के खिलाफ धार्मिक भावनाएं आहत करने के मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है।
धार्गलकर को पिछले दरवाजे से थाने लाने पर बढ़ा तनाव
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थित तब तनावपूर्ण हुई, जब पुलिस ने धार्गलकर को हिरासत में ले लिया और पिछले दरवाजे से थाने ले आई। स्थानीय लोग पुलिस स्टेशन पहुंचे और मांग करने लगे की धार्गलकर को उनके सामने लाया जाए। हालांकि, इस दौरान पुलिस उपाधीक्षक सागर एकोस्कर ने लोगों को तितर-बितर करने की काफी कोशिश की, लेकिन लोग नहीं माने। रविवार दोपहर तक स्थिति तनावपूर्ण बनी रही।