यलगार परिषद मामले में जेल में बंद कवि एवं सामाजिक कार्यकर्ता प्रोफेसर वरवरा राव ने जमानत के लिए सोमवार को बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। 80 वर्षीय राव ने कोर्ट को बताया कि उनकी तबीयत खराब हो रही है और उन्हें कोरोना संक्रमण का भी खतरा है। इसके अलावा राव ने कोर्ट से जेल प्रशासन को उनका मेडिकल रिकॉर्ड भी पेश करने का निर्देश देने की मांग की है।
राव ने अपने वकील आर सत्यनारायण अय्यर के जरिये दो याचिकाएं दाखिल की। पहली में 26 जून को विशेष एनआईए अदालत द्वारा उनकी जमानत को खारिज किए जाने को चुनौती दी गई और दूसरे में तलोजा जेल से मेडिकल रिकॉर्ड पेश करने का निर्देश देने की मांग की। राव पिछले दो साल से जेल में बंद हैं।
राव ने इसके अलावा कोर्ट से जेल प्रशासन को उनका मेडिकल चेकअप कराने का निर्देश देने की भी मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि जेल अधिकारियों ने जेजे हास्पिटल द्वारा दी गई सलाह को नहीं माना है। दोनों ही याचिकाओं पर इस हफ्ते तत्काल सुनवाई होगी।