हैलट में डेंगू से मरे बेटे अंश को कंधे पर लादकर पिता सुनील के भटकने के मामले में डीएम कानपुर से प्रधानमंत्री ने रिपोर्ट मांगी है। मंगलवार देर रात हैलट निरीक्षण करने डीएम कौशल राज शर्मा ने यह जानकारी दी। यहां अव्यवस्था देख उनका पारा चढ़ गया। अफसरों ने सफाई दी तो डीएम बोले कि व्यवस्था ठीक रहती तो यह नौबत नहीं आती। डीएम ने व्यवस्थाओं को ठीक करने के लिए एसीएम छह और एसीएमओ से बुधवार सुबह तक रिपोर्ट मांगी है।
रात तकरीबन 9:30 बजे हैलट पहुंचे डीएम ने बाल रोग अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने एक बेड पर तीन-तीन बच्चों को देखकर हैरानी जताई। विभागाध्यक्ष डॉ. यशवंत राव ने इमरजेंसी में एसी और अन्य कमियों के बारे में बताया। डीएम ने कहा कि जो भी कमियां हैं उनकी बुधवार सुबह तक एसीएम छह रिपोर्ट देंगे। सभी कमियों को दुरुस्त कराया जाएगा और सबकी जिम्मेदारी तय की जाएगी।
डीएम ने एसआईसी ऑफिस में बैठक की और वार्ड ब्वाय, स्ट्रेचर, सड़कों समेत सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने पर चर्चा की। बैठक के बाद डीएम फिर बाल रोग अस्पताल और जच्चा-बच्चा अस्पताल पहुंचे।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो. नवनीत कुमार ने कहा कि हैलट में स्ट्रेचर बढ़ाए जाएंगे। वार्ड ब्वाय की जिम्मेदारी तय की जाएगी और ड्यूटी पर निगरानी की जाएगी। व्यवस्था में सुधार के लिए बुधवार को मीटिंग कर रणनीति बनाई जाएगी।
हैलट में अव्यवस्था के मामले में सीएमएस डॉ. सीएस सिंह के सस्पेंशन के बाद कुछ और अफसरों और कर्मचारियों पर गाज गिरनी तय है। डीएम ने संकेत दिए हैं कि नीचे के कुछ अफसरों पर भी कार्रवाई की जाएगी।