सॉलिसीटर जनरल ने मुंबई के कट्टरपंथी प्रचारक जाकिर नायक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की हरी झंडी दे दी है। बांग्लादेश आतंकी हमले केबाद चर्चा में आए नायक केकामकाज और उसकी गतिविधियों पर करीब दो महीने से नजर रखी जा रही थी। उसकी संस्था इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन (आईआरएफ) को मिलने वाले विदेशी फंड मामले में भी कई अनियमितताएं पाई गर्इ हैं। उसके प्रचार के मंच पीस टीवी पर सरकार ने पहले ही प्रतिबंध लगा दिया है। अब नायक के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) केसंबंधित धारा के तहत जल्द ही एफआईआर दर्ज किया जा सकता है। नायक पर ठोस कार्रवाई के मकसद से केंद्र सरकार ने सॉलिसीटर जनरल रंजीत कुमार से कानूनी सलाह मांगी थी।
गौरतलब है कि ढाका में हुए आतंकी हमले में शामिल बांग्लादेश के चार युवकों के फेसबुक में उनके जाकिर के भाषणों से प्रभावित होने की बात सामने आयी थी। नायक की पीस टीवी दोनों देशों में काफी लोकप्रिय है। नेशनल इनवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने नायक के यूट्यूब पर मौजूद भाषणों की जांच की तो सनसनीखेज मामला सामने आया। वह अपने भाषण में हरेक मुसलमान को आतंकवादी बनने की सलाह देता है।
नायक से जुड़ी बातें सामने आने के बाद भारत के मुसलिम संगठनों और उलेमाओं ने भी अपनी गंभीर नाराजगी जताई थी। इस दौरान नायक सऊदी अरब में था। अपने उपर लग रहे गंभीर आरोपों के बाद उसने साल भर तक भारत नहीं लौटने का एलान कर दिया है। स्काइप के माध्यम से उसने अपनी साफाई में कहा हैकि उसके भाषणों को तोड़ मरोड़ कर पेश कियाजा रहा है।