राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक हजार और पांच सौ रुपये के नोट खत्म करने के फैसले को साहसिक कदम बताया है। राष्ट्रपति ने कहा कि प्रधानमंत्री मादी ने मंगलवार शाम को उनसे मुलाकात कर सरकार के इस फैसले की जानकारी दी। गौरतलब है कि मंगलवार मध्य रात्रि से देश में 1000 और 500 रुपये के नोट चलन से बंद हो गए।
राष्ट्रपति मुखर्जी ने सरकार द्वारा लिए गए साहसिक फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि इस कदम से काला धन और जाली नोट का खात्मा हो जाएगा। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वह इस कदम से घबराएं नहीं और अपने पास रखे हजार और पांच सौ के नोट को बदलने के लिए सरकार के दिशा निर्देशों का पालन करें।
प्रणब मुखर्जी ने कहा कि 500 के नीचे के सभी नोट यथावत चलन में रहेंगे। राष्ट्रपति ने लोगों से अपील की कि वह चलन से बाहर किए गए नोट को बदलने के सरकार द्वारा दिए गए अवसर का लाभ उठाएं। मोदी ने राष्ट्रपति को यह भी बताया कि इन नोट को हॉस्पिटल व कुछ खास उद्देश्य से सीमित समय के लिए इस्तेमाल करने देने की इजाजत होगी।