भाजपा के वरिष्ठ नेता और मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में वित्त मंत्री का कार्यभार संभालने वाले अरुण जेटली का निधन हो गया है। उन्होंने आज दोपहर दिल्ली एम्स में 12 बजकर सात मिनट पर आखिरी सांस ली। जेटली एम्स में पिछले कई दिनों से भर्ती थे। विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक टीम उनका इलाज कर रही थी।
पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली, भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में गिने जाते थे। नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार में उनके पास वित्त जैसा महत्वपूर्ण मंत्रालय था। उनकी गिनती प्रधानमंत्री के बाद दूसरे नंबर के नेताओं में होती थी। बतौर वित्त मंत्री जेटली ने आम बजट और रेल बजट को एकसाथ पेश करने की व्यवस्था लागू की। इतना ही नहीं, गुड्स एंड सर्विसेस टैक्स (जीएसटी) को पूरे देश में लागू करने में भी उनका महत्वपूर्ण योगदान था।
बतौर वित्त मंत्री वो हमेशा कहते थे कि जिस तरह से बीमारी को जड़ से ठीक करने के लिए कई बार कड़वी दवा पीनी पड़ती है। ठीक वैसे ही देश की अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए भी कड़वी दवा जैसे फैसले लेने होंगे।
व्यक्तिगत जीवन
- अरुण जेटली का जन्म 28 दिसंबर 1952 को महाराज किशन जेटली और रतन प्रभा जेटली के घर दिल्ली में हुआ था। उनके पिता भी वकील थे।
- उनकी स्कूली शिक्षा सेंट जेवियर्स स्कूल, नई दिल्ली से 1957-69 में पूरी हुई।
- 1973 में श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स, नई दिल्ली से कॉमर्स में स्नातक किया।
- 1977 में दिल्ली विश्वविद्यालय के विधि संकाय से उन्होंने कानून की डिग्री प्राप्त की।
- 1974 में वे दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्र संगठन के अध्यक्ष भी रहे।
- 24 मई 1982 को उनका विवाह संगीता जेटली से हुआ। उनके दो बच्चे, पुत्र रोहन और पुत्री सोनाली हैं।