केंद्र सरकार ने पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) के दो कार्यकारी निदेशकों को बर्खास्त कर दिया है। कार्यकारी निदेशक संजीव शरण और के वीरा ब्रह्माजी राव पर भगोड़े हीरा व्यवसायी नीरव मोदी द्वारा किए गए 13,500 करोड़ रुपये के घोटाले मामले में यह कार्यवाई की गई है। पीएनबी ने यह जानकारी स्टॉक एक्सचेंजों को भी दी है।
अखिल भारतीय बैंक कर्मचारी संघ (एआईबीईए) के महासचिव सी.एच. वेंकटचलम ने कहा कि हम दो कार्यकारी निदेशकों को बर्खास्त करने की केंद्र सरकार की कार्रवाई का स्वागत करते हैं। इतने बड़े पैमाने पर घोटाला शीर्ष प्रबंधन की जानकारी के बिना नहीं हो सकता था। उन्होंने कहा कि शायद पहली बार केंद्र सरकार ने राष्ट्रीयकृत बैंकों (प्रबंधन और विविध प्रावधान) योजना, 1970 के तहत किसी राष्ट्रीयकृत बैंक के कार्यकारी निदेशकों को हटाया है।
वेंकटचलम ने कहा कि यह भी अच्छा है कि केंद्र सरकार ने पीएनबी के दो कार्यकारी निदेशकों को बर्खास्त करने से पहले उन्हें अपने विचार रखने का मौका देने की उचित प्रक्रिया का पालन किया। उधर इस घोटाले के मुख्य आरोपी नीरव मोदी के खिलाफ केंद्रीय एजेंसियां लगातार कार्रवाई कर रही हैं।