नोट बंदी के फैसले से सख्ती से डटी मोदी सरकार को इसके कारण लोगों को हो रही परेशानी और नाराजगी का अंदाजा है। लोगों की नाराजगी दूर करने और इस फैसले की सार्थकता सिद्घ करने के लिए मोदी सरकार राहत की बरसात करने की तैयारी में है। इसका खाका खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खींच रहे हैं। इस क्रम उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले सरकार किसानों और बुनकरों को राहत देने के लिए बड़ी घोषणा की तैयारियों में जुटी है।
इसके अलावा एक फरवरी को पेश होने वाले आम बजट में जनकल्याण योजनाओं और ढांचागत सुविधा क्षेत्र में बजटीय आावंटन में बड़ी बढ़ोत्तरी की तैयारी भी शुरू हो चुकी है। किसानों को बीज खरीद में पुराने नोट के इस्तेमाल की इजाजत भी इसी राहत का हिस्सा है। गौरतलब है कि नोट बंदी के फैसले के कारण बैंकों में 5 लाख करोड़ से अधिक की नकदी जमा हुई है। सरकार को नकदी में अभी कई गुणा बढ़ोत्तरी की उम्मीद है।
सरकार के एक वरिष्ठï मंत्री के मुताबिक ज्यादातर लोग नोट बंदी के फैसले के साथ हैं। निश्चित रूप से इस कारण हुई परेशानी से नाराजगी भी बढ़ी है। ऐसे में चुनौती इस फैसले की सार्थकता सिद्घ करने और इस फैसले का सकारात्मक नतीजा सामने लाना है। इस फैसले से बैंकों में भारी संख्या में नकदी जमा हुई है। इसलिए बड़ा और सकारात्मक संदेश देने के लिए सरकार किसानों और बुनकरों को बड़ा राहत देने का जल्द फैसला करेगी। इसके जरिए सरकार यह संदेश देने की कोशिश करेगी कि अगर नकदी आई है तो इसका इस्तेमाल उस वर्ग के लिए हो रहा है जिसे राहत की बड़ी जरूरत है। इस क्रम में यूपी चुनाव से पहले कई बड़ी और अहम घोषणा होगी।
राहत किस तरह की हो और इसे देने का तरीका क्या हो, इसका खाका खुद प्रधानमंत्री खींच रहे हैं। इसलिए यूपी चुनाव से पहले कई अहम घोषणाओं के बाद इसका व्यापक प्रभाव आम बजट पर दिखेगा। आम बजट में मेक इन इंडिया, स्किल इंडिया, आधारभूत संरचना विकास क्षेत्र में पैसा बरसेगा। जन धन योजना के तहत भी बड़ा लाभ दिए जाने का भी खाका खींचा जा रहा है।