पीएम मोदी के नोटबंदी के फैसले से चीन की वित्तीय प्रोद्योगिकी कंपनियों को फायदा होता दिख रहा है। यह बात आपको बेतुकी लग सकती है, लेकिन तथ्यों पर गौर करें तो चीन की कंपनी अलीबाबा की पेटीएम में 40 फीसदी की भागेदारी से फायदा उसे भी पहुंच रहा है।
दरअसल, नोटबंदी के चलते शहरी और कस्बाई क्षेत्रों में लोग ई-पेमेंट कंपनियों का खरीददारी करने के लिए खूब सहारा ले रहे हैं, जो कि अपने ई-वॉलेट के जरिए रुपयों का भुगतान करा देती हैं। मसलन, कैशलैस पेमेंट के चलते ई-पेमेंट कराने वाली कंपनियों की बल्ले-बल्ले है।
चीन अलीबाबा की हिस्सेदारी स्नैपडील के मालिकाना हक वाली ई-वालेट कंपनी फ्रीचार्ज में भी है।
वहीं, साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की खबर के मुताबिक ई-वॉलेट कंपनी मोबिक्विक और ऑक्सीजन भी चीनी निवेश तलाश रही हैं।