फाइजर कंपनी की वैक्सीन को ब्रिटेन में इमरजेंसी प्रयोग की मंजूरी मिलने के बाद अब उसकी निगाहें भारत पर टिक गई हैं। कंपनी ने गुरूवार को कहा कि वह भारत में वैक्सीन मुहैया कराने के लिए अपने वादे पर कायम है और इसके लिए भारत सरकार से जरूर संपर्क करेगी।
फाइजर के प्रवक्ता ने बयान जारी कर कहा कि ब्रिटेन की दवा और स्वास्थ्य उत्पाद नियामक से वैक्सीन को मंजूरी मिलने के बाद वो दुनिया के दूसरे देशों के संपर्क में है। इस कड़ी में वह भारत सरकार से भी संपर्क साधेगा। जिससे फाइजर की वैक्सीन को देश में उपलब्ध कराया जा सके।
फाइजर की यही कोशिश है कि सभी को वैक्सीन मिले, कंपनी ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि महामारी के दौर में वैक्सीन की आपूर्ति सरकारी कॉन्ट्रैक्ट और संधि के तहत ही होगी।
इससे पहले स्थानीय स्तर पर जो भी कानूनी प्रक्रिया है उसे भी पूरा किया जाएगा। फाइजर के चेयरमैन और सीईओ अलबर्ट बाउरला न कहा कि हमारी कोशिश दुनिया को उच्च गुणवत्ता वाली सुरक्षित और असरदार वैक्सीन मुहैया कराना है।
ऑक्सफोर्ड से उम्मीद
भारत को ऑक्सफोर्ड और एस्ट्राजेनेका द्वारा तैयार कोरोना वैक्सीन से अधिक उम्मीद है। पुणे के सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया का कहना है कि वह दो सप्ताह में ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन के इमरजेंसी में उपयोग की अनुमति मांग सकता है। इसी तरह भारत बायोटेक और आईसीएमआर की वैक्सीन का भी तीसरे चरण का परीक्षण चल रहा है। इसी तरह जाइडस कैडिला और स्पुतनिक-5 वैक्सीन से भी उम्मीद है।