पश्चिम बंगाल माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के एक आदेश के खिलाफ कलकत्ता उच्च न्यायालय में याचिका दायर की गई है। दरअसल, बोर्ड ने हाल ही में 10वीं की परीक्षा के समय में बदलाव किया था, जिसे रद्द करने के खिलाफ हाईकोर्ट का रुख किया गया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, न्यायमूर्ति बिस्वजीत बसु की पीठ ने डब्ल्यूबीबीएसई को निर्देश दिए हैं कि वह मामले में फैसला लें और अगली सुनवाई के दौरान कोर्ट को भी सूचित करें।
बोर्ड के फैसले के कारण लाखों छात्रों को असुविधा
बता दें, पश्चिम बंगाल बोर्ड की 10वीं कक्षा की परीक्षाओं का समय दो घंटे आगे बढ़ा दिया गया है लेकिन इसका कोई कारण सामने नहीं आया है। परीक्षाओं का समय पहले सुबह 11.45 बजे था, जिसे बाद में 9.45 कर दिया गया। इसी के कारण उच्च न्यायालय में याचिका लगाई गई है। मामले में एक शिक्षक का कहना है कि बोर्ड की अधिसूचना को चुनौती दी गई है क्योंकि इस फैसले के कारण लाखों छात्रों को असुविधा होगी।
अन्य बोर्डों का दिया हवाला
सुनवाई के दौरान बुधवार को अदालत ने डब्ल्यूबीबीएसई ने पूछा कि आखिर किन कारणों से परीक्षा के समय में बदलाव किए गए हैं। न्यायमूर्ति ने कहा कि खुद उनका भी मानना है कि छात्र दूरदराज के इलाकों से परीक्षा देने आते हैं। छात्रों को केंद्रों तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। राज्य की ओर से पेश अधिवक्ता ने कहा कि अन्य बोर्डों की परीक्षाएं भी सुबह 10 बजे से शुरू हो जाती है। सभी जिला अधिकारियों को परीक्षार्थियों के परिवहन और अन्य सुविधाओं के लिए विशेष व्यवस्था करने के लिए कहा गया है।