भारतीय सेना के पराक्रम के आगे तवांग की जनता भी नतमस्तक है। उनका कहना है, हम भारतीय सेना की वजह से ही सुरक्षित हैं और हमें उन पर पूरा भरोसा है। एलएसी के पास भारतीय सैनिकों ने तवांग के यांगत्से सेक्टर में 9 दिसंबर को यथास्थिति बदलने की चीन की कोशिश को नाकाम कर दिया था।
स्थानीय लोगों ने दावा किया कि सीमावर्ती शहर में माहौल बहुत अच्छा है और उन्हें झड़प के बाद किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा है। स्थानीय नागरिक नीमा सारंग ने कहा, नीतवांग में माहौल अब बहुत अच्छा है। हमने सुना है कि भारतीय और चीनी सेना के जवानों के बीच सीमा पर झड़प हुई थी, लेकिन भारतीय सेना की मौजूदगी के कारण हमें यहां किसी समस्या का सामना नहीं करना पड़ा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार क्षेत्र में विभिन्न विकास कार्य कर रही है और वे भविष्य में भारतीय सेना का समर्थन करना जारी रखेंगे। एक अन्य नागरिक तेंजा लोबसोम ने कहा, हमें भारतीय होने पर गर्व है।
चीन के खिलाफ तिब्बतियों का प्रदर्शन
धर्मशाला। तिब्बती समुदाय के लोगों ने मैक्लोडगंज के मुख्य चौक पर चीनी घुसपैठ के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने लद्दाख से लेकर अरुणाचल प्रदेश की सीमाओं में चीन की घुसपैठ के खिलाफ नारेबाजी कर कड़ा विरोध जताया। वहीं, चीन की नापाक हरकतों को कड़ा जवाब देने वाले भारतीय सेना के जवानों को भी नमन किया गया।