एक गुमनाम व्यक्ति ने आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण के कार्यालय में फोन करके कल्याण को जान से मारने की धमकी दी। इस मामले की जानकारी रखने वाले एक अधिकारी ने बताया कि उप मुख्यमंत्री को निशाना बनाते हुए व्यक्ति ने अपमानजनक टेक्स्ट संदेश भी भेजे। उसने चेतावनी दी कि वह कल्याण को मार डालेगा। कार्यालय के कर्मचारियों ने कल्याण और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को धमकी भरे कॉल से अवगत करा दिया है। शिकायत के आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है।
उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण के कार्यालय में धमकी भरे फोन-संदेश
आंध्र प्रदेश में सत्ताधारी दल- जनसेना पार्टी ने कहा है कि उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण को एक अज्ञात व्यक्ति ने कथित तौर पर जान से मारने की धमकी दी है। पार्टी के मुताबिक फोन पर धमकी के बाद आपत्तिजनक मैसेज भी भेजे गए। जनसेना पार्टी के आधिकारिक एक्स हैंडल पर जारी बयान के मुताबिक उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण के कार्यालय में कर्मचारियों के पास अगंतकुडी से धमकी भरे फोन आए। इस अज्ञात कॉलर ने उपमुख्यमंत्री को निशाना बनाते हुए आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया और फोन के बाद लिखित संदेश भी भेजे।
पुलिस को दी गई सूचना, समुचित जांच और कार्रवाई करने की अपील
जनसेना पार्टी ने कहा कि धमकी देने के मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को सूचित कर दिया गया है। पवन कल्याण के दफ्तर में काम करने वाले कर्मचारियों ने धमकी भरे कॉल और संदेशों के बारे में उपमुख्यमंत्री को भी जानकारी दी है। उन्होंने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को धमकी भरे कॉल और संदेशों के बारे में सूचित कर जरूरी कार्रवाई करने को कहा है।
कौन हैं पवन कल्याण, पारिवारिक पृष्ठभूमि कैसी है
बता दें कि 53 वर्षीय पवन कल्याण आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू की सरकार में जून, 2024 में डिप्टी सीएम बने। विधानसभा चुनाव में कल्याण के राजनीतिक दल- जनसेना पार्टी को 21 सीटें मिलीं। फिल्मी चकाचौंध और ग्लैमर से दूर 2014 में सियासी चौसर पर पदार्पण से पहले पवन कल्याण तेलुगू फिल्म इंडस्ट्री में भी काफी सक्रिय रहे हैं। फिलहाल उनके पास उपमुख्यमंत्री के अलावा पंचायती राज, ग्रामीण विकास और जलापूर्ति विभाग है। पुलिस धमकी के तमाम पहलुओं पर जांच कर रही है। कल्याण के भाई चिरंजीवी भी फिल्म स्टार होने के साथ-साथ केंद्रीय राज्य मंत्री रह चुके हैं। देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से नवाजे जा चके 69 वर्षीय चिरंजीवी पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह के दूसरे कार्यकाल में अक्तूबर 2012 से मई, 2014 तक केंद्रीय पर्यटन राज्य मंत्री रहे थे।