गोवा के मुख्यमंत्री और पूर्व रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने रविवार को पणजी में आयोजित 'स्वच्छ एबिलिटी रन' कार्यक्रम के दौरान कहा कि एक रक्षा मंत्री होने के नाते मैंने हमेशा कोशिश की थी कि हमारे सैनिकों की जिंदगियों को कम से कम नुकसान हो।
As Defence Minister I was always trying to ensure that minimum life is lost: Former Defence Minister and Goa CM Manohar Parrikar #Panaji pic.twitter.com/mchcSbs40D
— ANI (@ANI) November 5, 2017
कार्यक्रम में आगे उन्होंने कहा कि सैनिकों का देश के लिए शहीद होना महान बलिदान है लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि जब भी वो दुश्मनों से जंग करें तो मारे जाएं, बल्कि उनका खात्मा करें। मैंने हमेशा उनसे कहा कि आप शहीद होने से ज्यादा दुश्मनों को टारगेट बनाएं।
Told soldiers-martyrdom is great&sacrifice for nation is must but it doesn't mean you get killed when you go fighting,kill your enemy-Goa CM pic.twitter.com/cEmTjAoNOI
— ANI (@ANI) November 5, 2017
बता दें कि पणजी में दिव्यांगों के लिए 3 और 10 किलोमीटर मैराथन रेस का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम में पर्रिकर ने कहा कि कई बार समाज में आम नागरिक के मुकाबले दिव्यांग ज्यादा महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और मैंने खुद अपनी आंखों से ऐसे उदाहरण देखे हैं।
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उन्होंने कहा कि दिव्यांग कई चीजों में कमजोर होते हैं लेकिन वहीं वो अन्य चीजों में बहुत तेज होते हैं। इसलिए दिव्यांग हमारे समाज का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं।