लोकसभा में किसानों की आय को लेकर सरकार और विपक्ष में तीखी बहस हुई। कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दावा किया कि किसानों की आय दोगुनी हुई है, जबकि विपक्ष ने इसे गलत बताया। सरकार की तरफ से एमएसपी, सब्सिडी और योजनाओं का हवाला दिया गया। उनका कहना था कि इन सभी प्रयासों का सीधा फायदा किसानों को मिला है।
लोकसभा में मंगलवार को किसानों की आय को लेकर गर्म बहस हुई, जिसने संसद का माहौल पूरी तरह हिला दिया। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि सरकार के प्रयासों से किसानों की आय दोगुनी हो गई है और कई क्षेत्रों में यह तीन से चार गुना तक बढ़ी है। प्रश्नकाल के दौरान मंत्री ने यह भी बताया कि सरकार ने खेती के क्षेत्र में कई कदम उठाए हैं। इसमें फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) देना, उर्वरक (खाद) पर सब्सिडी देना और उत्पादन बढ़ाने के लिए नई योजनाएं लागू करना शामिल है।
महाराष्ट्र की प्राकृतिक आपदाओं का दिया हवाला
इसके साथ ही महाराष्ट्र में हाल की प्राकृतिक आपदाओं का हवाला देते हुए चौहान ने बताया कि केवल पांच दिनों में 14,000 करोड़ रुपये सीधे किसानों के खातों में भेजे गए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत किसानों को बीमा कवरेज और मुआवज़ा मिलता है, चाहे नुकसान किसी भी किसान की फसल का हो। शिवराज सिंह चौहान ने मार्केट इंटरवेंशन स्कीम के जरिए जल्दी खराब होने वाले फल और सब्ज़ियों के लिए मॉडल रेट तय करने और अंतर राशि किसानों के खातों में जमा कराने की व्यवस्था की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार परिवहन लागत भी वहन करती है ताकि किसान दूर की मंडियों में बेहतर दाम पा सके।
ये भी पढ़ें:- हाई अलर्ट पर भारत: बढ़ते वैश्विक तनाव के बीच रक्षा तैयारियों की समीक्षा, राजनाथ सिंह की अगुवाई में हुई बैठक
किसानों ने लगभग 36,055 करोड़ रुपये का प्रीमियम जमा किया- चौहान
कृषि मंत्री ने बताया कि फसल बीमा योजना में सैटेलाइट आधारित रिमोट सेंसिंग और ग्राम स्तर पर चार-चार फसल कटिंग प्रयोग किए जाते हैं, जिससे बीमा दावों का भुगतान निष्पक्ष और वैज्ञानिक आधार पर होता है। एनडीए सरकार के कार्यकाल में किसानों ने लगभग 36,055 करोड़ रुपये का प्रीमियम जमा किया, जबकि 1,92,477 करोड़ रुपये की बीमा राशि किसानों के खातों में पहुंचाई गई। शिवराज सिंह चौहान ने जोर देकर कहा कि ये केवल कागजी योजनाएं नहीं हैं बल्कि जमीन पर लागू ठोस कदम हैं। पीएम मोदी की सरकार हर संकट में किसान के साथ खड़ी है और किसानों को उनके पसीने का पूरा मूल्य दिलाना सर्वोच्च प्राथमिकता है।
टीएमसी सांसद ने जताया विरोध