उनकी सीट से बराबर ऊपर मौजूद गैलरी से पहले एक युवक कूदा तो उन्हें लगा कि शायद कोई ऊपर से गिरा है। फिर अचानक दूसरा कूदा। वे एमपी की सीटों पर कूद-कूदकर आगे भागने लगे।
सांसद हनुमान बेनीवाल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर सवाल उठाए कि वे घटना वाली जगह से 40-50 मीटर ही दूर थे। जब शोर मचा तो वे अपनी सीट पर खड़े हो गए थे। वे चाहते तो बाकी सांसदों के साथ घुसपैठियों का रोकने के लिए आ सकते थे, आना भी चाहिए था, यह संसद पर हमला था। फिर भी वे क्यों नहीं आए?
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सांसद मलूक नागर ने बताया कि घटना के वक्त शून्यकाल चल रहा था।
उनकी सीट से बराबर ऊपर मौजूद गैलरी से पहले एक युवक कूदा तो उन्हें लगा कि शायद कोई ऊपर से गिरा है। फिर अचानक दूसरा कूदा। वे एमपी की सीटों पर कूद-कूदकर आगे भागने लगे। उन्होंने कहा, तभी उन्हें समझ आ गया कि वे गिरे नहीं हैं, उनके इरादे ही खराब हैं। 6-7 सांसद उनकी ओर भागे और पकड़ा।
हर तरफ हो गया धुआं-धुआं
तभी एक युवक ने अपना जूता उतार लिया, उसमें से कुछ निकालने लगा। इसके बाद धुआं-धुआं होने लगा। फिर सांसदों ने उसकी काफी पिटाई की, नागर ने हथेली दिखाते हुए कहा कि मारते हुए हाथ लाल पड़ गए, चोट भी आई। उन्होंने कहा कि कोई उन्हें मारने आ रहा है, तो उसे तत्काल रिएक्शन में मारेंगे ही।