संसद का बजट सत्र सोमवार से शुरू हो रहा है। मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल के पहले पूर्ण सत्र के पहले दिन आर्थिक सर्वेक्षण पेश होगा। मंगलवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लगातार सातवीं बार आम बजट पेश कर नया कीर्तिमान बनाएंगी। सत्र के सुचारू रूप से संचालन में विपक्ष से सहयोग के लिए सरकार ने रविवार को सर्वदलीय बैठक बुलाई। सत्र के दौरान सरकार की योजना वित्त विधेयक सहित छह विधेयक पारित कराने की है।
आक्रामक विपक्ष से होगा सामना
मोदी सरकार को पिछले दो कार्यकाल की तुलना में नए कार्यकाल में आक्रामक विपक्ष का सामना करना पड़ेगा। संसद में एक ओर जहां दस साल बाद विपक्ष बेहद मजबूत स्थिति में है, वहीं तीसरे कार्यकाल में भाजपा अपने दम पर बहुमत हासिल करने में नाकाम रही है। कांग्रेस की अगुवाई में विपक्षी इंडिया ब्लॉक अग्निवीर योजना, मणिपुर हिंसा, नीट परीक्षा में अनियमितता, जम्मू-कश्मीर में आतंकी हमलों में बढ़ोत्तरी, महंगाई-बेरोजगारी के सवाल पर बेहद आक्रामक है।
मुफ्त इंटरनेट हर नागरिक का अधिकार...पर भी मंथन
मानसून सत्र के दौरान सरकार माकपा सांसद वी शिवदासन के उस निजी सदस्य विधेयक पर विचार करने के लिए तैयार हो गई, जिसमें कहा गया है कि मुफ्त इंटरनेट प्रत्येक नागरिक का अधिकार होना चाहिए। ताकि देश में डिजिटल विभाजन को खत्म किया जा सके। उच्च सदस्य में सत्र के दौरान 23 निजी सदस्य विधेयक पेश किए जाने के लिए सूचीबद्ध हैं। माकपा सांसद ने मुफ्त इंटरनेट का अधिकार देने संबंधी विधेयक दिसंबर 2023 में राज्यसभा में पेश किया था। इसमें प्रस्ताव रखा गया है कि कोई भी नागरिक ऐसे किसी भी शुल्क या खर्च के लिए उत्तरदायी नहीं होगा जो उसे इंटरनेट सुविधाओं तक पहुंचने से रोकता हो।
राष्ट्रपति ने की सिफारिश
राज्यसभा बुलेटिन के मुताबिक, दूरसंचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने राज्यसभा महासचिव को बताया है कि राष्ट्रपति ने शिवदासन के निजी विधेयक पर चर्चा की सिफारिश की है। सरकारी खर्च से जुड़े किसी विधेयक पर विचार करने के लिए संबंधित मंत्रालय के माध्यम से राष्ट्रपति की अनुमति लेना अनिवार्य होता है।
जज राजनीति में न आएं
एक अन्य निजी सदस्य विधेयकों में प्रस्ताव रखा गया है कि न्यायाधीशों और चुनाव आयुक्तों जैसे सांविधानिक पदों पर बैठे लोगों के सेवानिवृत्ति के बाद किसी राजनीतिक दल में शामिल होने पर रोक होनी चाहिए। यह विधेयक राजद सांसद एडी सिंह की तरफ से सूचीबद्ध कराया गया है।