फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पानी नहीं मिला तो पाकिस्तान की अक्ल ठिकाने आ जाएगी: तारिक फतह

Sun, 02 Oct 2016 03:05 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ नई दिल्ली
विज्ञापन
तारेक फतह - फोटो : ANI
विज्ञापन
सर्जिकल स्ट्राइक को छोड़ो, असली कहानी तो पानी है। पानी बंद हुआ तो बड़े-बड़ों को अक्ल आ जाएगी। पानी तो हमारा (हिंदुस्तान) है। सीधा सा फार्मूला है, पैसे दो और पानी लो। अपना पानी कश्मीर को दो और फिर कोई मुद्दा उठे तो देखो, कौन कश्मीरी किसके सिर पर पत्थर (बुरहान वानी को मारने के बाद) मारता है। 
विज्ञापन


यह कटाक्ष और संदेश पाकिस्तानी मूल के कनाडाई लेखक डॉ. तारिक फतेह ने दिल्ली में आयोजित बलूचिस्तान पर आयोजित बलूच राष्ट्रीयता के सेमिनार में दिया। कंस्टीट्यूशन क्लब में शनिवार को बलूचिस्तान का सच कार्यक्रम में डॉ. तारिक ने कहा कि जिन्ना ने हिंदुस्तान का बाजू ही काट डाला था। पाकिस्तान का अपना कोई वजूद ही नहीं है। 

डॉ. तारिक ने अपने भाषण में चाय वाला, मोदी और 15 अगस्त 2014 के लाल किले के प्राचीर का जिक्र करते हुए कहा कि इसी के बाद दुनिया ने बलूचिस्तान की परेशानी जानी। यूएन में कश्मीर नहीं, बलूचिस्तान का मुद्दा उठेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

बलूचिस्तान का सच कार्यक्रम में बलोच नेताओं की राय

रिटायर्ड मेजर जनरल जीडी बक्शी ने कहा कि चीन बलूचिस्तान के रास्ते पाकिस्तान में कॉरिडोर बना रहा है, जिस पर 52 अरब डालर खर्च किए जा रहे हैं। चीन पाकिस्तान के लिए नहीं, बल्कि सीधे-सीधे राजस्थान तक पहुंचने का रास्ता बना रहा है। बक्शी ने कहा कि बलूचिस्तान की मदद हमें अपने लिए करनी होगी क्योंकि पाकिस्तान का वजूद नहीं है, बल्कि बलूच से मिलने वाले संसाधनों पर ही वह जिंदा है।

इससे पहले बलूच फ्रीडम नेता मजदक दिलशाद बलूच और वर्ल्ड बलूच वूमेन फोरम की अध्यक्ष नाइला कादरी बलूच ने बलूचिस्तान में मानवाधिकारों के उल्लंघन का जिक्र किया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने डॉ. तारिक फतह से पूछा कि हिंदुस्तान की तारीफ और मोदी को जोड़ने का आशय उनका चुनाव लड़ने से तो नहीं है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें