दिल्ली ऑक्सीजन संकट से निकलने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। एक तरफ जहां कोर्ट के दबाव में दिल्ली को होने वाली ऑक्सीजन की आपूर्ति में सुधार हुआ है, वहीं दिल्ली ने अपने स्तर पर भी ऑक्सीजन उत्पादन की क्षमता में सुधार करना जारी रखा है। एक दिन पहले ही मुख्यमंत्री अरविंद ने राजधानी के धर्मशिला अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट के शुरू होने पर वहां का दौरा किया था, आज केजरीवाल ने राजा हरिश्चंद्र अस्पताल में लगे ऑक्सीजन प्लांट का निरीक्षण किया।
बताया जा रहा है कि इस प्लांट की उत्पादन क्षमता प्रतिदिन 330 लीटर ऑक्सीजन की है। इससे प्रतिदिन 50-60 सिलेंडर भरे जा सकते हैं। अगर पाइपलाइन के जरिए ऑक्सीजन का इस्तेमाल किया जाए तो करीब 33 मरीजों को 24 घंटे ऑक्सीजन दी जा सकती है। पूरी दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर ऐसे 48 ऑक्सीजन के प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं।
अस्पताल का निरीक्षण करने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र ने आज 730 मीट्रिक टन ऑक्सीजन पहुंचाया है। वे इसके लिए उन्हें धन्यवाद करते हैं। लेकिन दिल्ली अपने स्तर पर भी ऑक्सीजन उत्पादन क्षमता में सुधार कर रही है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार फ्रांस से 21 ऑक्सीजन के प्लांट आयात कर रही है और बाकी के प्लांट भारत के ही हैं। जल्दी ही इन्हें शुरू कर दिया जाएगा जिससे अस्पतालों को मिलने वाले ऑक्सीजन का संकट हमेशा के लिए खत्म किया जा सकेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह अस्पताल 200 बेड का है और 33 मरीजों को भी अगर यह प्लांट ऑक्सीजन उपलब्ध कराता है, तो इससे काफी मदद मिलेगी। इसी तरह से हम लोग पूरी दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर लगभग 48 ऑक्सीजन के प्लांट लगा रहे हैं। उनमें से हम लोग 21 ऑक्सीजन के प्लांट फ्रांस से आयात कर रहे हैं और बाकी हमारे देश से ही हैं। यह छोटा प्लांट है, लेकिन इससे काफी मदद मिलेगी, जो पूरा सिस्टम ऑक्सीजन की कमी की वजह से तनाव में भी आ गया था।
केजरीवाल ने कहा कि युवाओं में टीकाकरण को लेकर बहुत ज्यादा जोश देखने को मिल रहा है। सभी टीकाकरण केंद्रों पर बढ़-चढ़ करके युवा आगे आ रहे हैं। मेरे पास युवाओं के बहुत सारे मैसेज भी आ रहे हैं। जिसमें युवा लिख रहे हैं कि टीकाकरण केंद्रों पर दिल्ली सरकार की व्यवस्था बहुत अच्छी है। मैं सभी युवाओं से अपील करना चाहता हूं कि आप भी टीका जरूर लगवाइए और अपने घर के सभी सदस्यों को भी लगाइए। आखिर में कोरोना महामारी का समाधान टीका ही है।