एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि उसे कोरोना संकट से उत्पन्न हालात जैसे नौकरी जाने और अन्य समस्याओं से निपटने की चिंता नहीं है। उन्होंने कहा कि देश में 1.8 करोड़ लोगों को वेतन नहीं मिल रहे हैं और करीब आठ करोड़ दिहाड़ी श्रमिकों का काम छूट गया है।
एक जनसभा को ऑनलाइन संबोधित करते हुए ओवैसी ने कहा कि लॉकडाउन के कारण 10 करोड़ बच्चे मिड डे मील से वंचित हो गए हैं। इसके लिए उन्होंने सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिना सोचे समझे और असांविधानिक लॉकडाउन लगाकर इन समस्याओ को आमंत्रित किया है।
अब कोरोना की आड़ में लोग नहीं कर पाएंगे राजनीति : मायावती
बसपा प्रमुख मायावती ने कोरोना महामारी पर केंद्र सरकार के चौथे चरण की अनलॉक की गाइडलाइंस का स्वागत किया है। दरअसल सरकार ने कोरोना संकट के बीच लोगों को और राहत देते हुए अनलॉक 4 में 7 सितंबर से मेट्रो चलाने और 21 सितंबर से राजनीतिक व धार्मिक कार्यक्रमों में 100 लोगों तक को शामिल होने की अनुमति दी है।
मायावती ने ट्वीट कर कहा कि हम लॉकडाउन और अनलॉक पर केंद्रीय गृह मंत्रालय के समान नीति लागू करने के फैसले का स्वागत करते हैं। बसपा की लंबे अरसे से यह मांग थी। इससे कोरोना की आड़ में लोगों को राजनीति करने का मौका नहीं मिलेगा। साथ ही लोगों को ज्यादा सुविधाएं मिलेंगी।